देश के सबसे बड़े राज्य उत्तर प्रदेश में इस बार भाजपा ने 4 करोड़ का खेल खेलने का मंसूबा बना लिया है और इसकी शुरूआत भारतीय जनता पार्टी के सबसे बड़े रणनीतिकार और वर्तमान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Amit shah) करने जा रहे हैं। हम बात कर रहे हैं 2022 में उत्तर प्रदेश में होने जा रहे विधानसभा चुनाव (UP assembly elections) की। 2017 के पिछले विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश में 15 वर्षो बाद भाजपा की वापसी हुई थी। अब 2022 में फिर से सरकार बनाकर भाजपा राज्य में एक रिकॉर्ड बनाना चाहती है।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव  (UP assembly elections) में जीत हासिल करने के लक्ष्य को लेकर भाजपा ने मिशन- 4 करोड़ बनाया है और इसी के सहारे भाजपा प्रदेश में 350 से ज्यादा सीटें जीतने का दावा कर रही है। दरअसल , 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा को अपने सहयोगी अपना दल और सुभासपा के साथ कुल 325 सीटों पर जीत हासिल हुई थी। 2017 विधानसभा चुनाव में भाजपा गठबंधन के समर्थन में राज्य के लगभग 3.59 करोड़ मतदाताओं ने वोट किया था। अनुप्रिया पटेल का अपना दल आज भी भाजपा के साथ है, लेकिन ओम प्रकाश राजभर की पार्टी सुभासपा एनडीए से बाहर हो गई है।

2017 के चुनावी गणित को देखते हुए भाजपा ने इस बार 4 करोड़ वोट हासिल करने का लक्ष्य रखा है। भाजपा का यह मानना है कि 4 करोड़ मतदाताओं का समर्थन हासिल कर भाजपा राज्य में 350 से ज्यादा सीटें जीत सकती है। उत्तर प्रदेश की चुनावी  (UP assembly elections) राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे भाजपा के एक नेता ने आईएएनएस से बातचीत करते हुए बताया कि राज्य में फिलहाल भाजपा सदस्यों की संख्या ढ़ाई करोड़ के लगभग है और अगले कुछ महीनों में इसे डेढ़ करोड़ और बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है ताकि चुनाव से पहले प्रदेश में भाजपा के अपने कार्यकतार्ओं की संख्या 4 करोड़ के लगभग हो जाए। भाजपा नेता ने बताया कि इसे लेकर पार्टी राज्य में बड़े पैमाने पर सदस्यता अभियान की शुरूआत करने जा रही है जिसका शुभारंभ भाजपा के सफल रणनीतिकार और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह करेंगे।

उत्तर प्रदेश भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष विजय बहादुर पाठक ने कहा कि पार्टी द्वारा दिए गए लक्ष्य को हासिल करने के लिए संगठन ने प्रदेश के हर बूथ पर 100 नए सदस्यों को जोडऩे के लिए अभियान चलाने का फैसला किया है। जैसे ही गृह मंत्री अमित शाह इस अभियान का शुभारंभ करेंगे वैसे ही पार्टी की प्रदेश इकाई अपने सभी मोर्चों, प्रकोष्ठों को इस अभियान में लगा देगी। उन्होने यह भी बताया कि पार्टी इन सदस्यों की सदस्यता को वैरिफाई भी करेगी।