दूसरी दुनिया के जीव हमारे लिए हमेशा से ही कौतुहल का विषय रहे हैं। दुनियाभर के वैज्ञानिक एलियंस की खोज में सालों से जुटे हैं, लेकिन हाल ही में हुए एक शोध में दावा किया गया है कि सिर्फ हम ही एलियंस को नहीं खोज रहे, वे भी पृथ्वी के लोगों पर नजर बनाए हुए हैं। वे अपने विभिन्न उपकरणों की सहायता से पांच हजार साल से हमें देख रहे हैं। 

शोध का दावा है कि वे हमारे पुराने रेडियो शो भी सुन रहे हैं। वैज्ञानिकों ने फिरौन के समय से ही कम से कम 29 संभावित रहने योग्य ग्रहों की पहचान की है जहां से पृथ्वी पर नजर रखी जा सके। अध्ययन यूरोपीय अंतरिक्ष एजेंसी के गिया उपग्रह के आंकड़ों पर आधारित है, जिसने मिल्की वे का आंकलन किया है। 300 लाइट ईयर के भीतर के तारों की एक सूची की मदद से फिरौन के समय से उन जगहों की गिनती होने लगी है जहां से पृथ्वी को देखा जा सकता है। इनमें से 29 इतने पास हैं कि वहां हमारे 75 रेडियो स्टेशनों की आवाजें सुनाई देती होगी।

न्यूयॉर्क में कॉर्नेल विश्वविद्यालय की प्रोफेसर लीसा कल्टेनेगर का कहना है कि उनके दृष्टिकोण से हम एलियंस हैं। हम यह जानना चाहते थे कि कौन से सितारे पृथ्वी को देखने के लिए सही सुविधाजनक बिंदु है, क्योंकि यह सूर्य की रोशनी को अवरुद्ध करता है। तारे सक्रिय ब्रह्मांड में घूमते हैं इसलिए यह बिंदु खो जाता है। न्यूयॉर्क के अमरीकन म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री के सह-लेखक डॉ. जैकी फाहर्टी के अनुसार गिया ने आकाशगंगा का सटीक मानचित्र प्रदान किया है। इसने हमें समय में पीछे और आगे की ओर देखने का मौका दिया है और यह देखने की सहुलियत दी है कि तारे कहां स्थित हैं और वह कहां जा रहे हैं। शोधकर्ताओं ने यूनिवर्स में ऐसे सौर मंडलों का नक्शा तैयार किया है, जहां एलियन्स के रहने की संभावना है। वह हमारी तरह दूरबीन की तकनीकों का प्रयोग कर पृथ्वी को देख सकते हैं। संभव है कि वे पिछले पांच साल से धरती पर नजर रख रहे हैं।