असम की अस्मिता को अजमल से खतरा है।असम के स्वास्थ्य मंत्री एवं वित्त मंत्री हिमंता विश्व सरमा ने बदरुद्दीन अजमल पर करारा हमला करते हुए कहा कि असम को अजमल से खतरा है। उन्होंने शहीद बाकोरी में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के तेजपुर लोकसभा प्रत्याशी पल्लव लोचन दास के समर्थन में आयोजित एक जनसभा में ये कहा।

सरमा ने कांग्रेस एवं एआईयूडीएफ की आपसी सांठगांठ का आरोप लगाते हुए कहा कि मतदाताओं को राष्ट्र विरोधी ताकतों से सावधान रहना चाहिए। सरमा ने पीएम मोदी के राष्ट्र प्रेम एवं देशभक्ति की भावनाओं से लोगों को प्रेणा लेने का आह्वान करते हुए कहा कि तेजपुर संसदीय क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी पल्लव लोचन दास को भारी मतों से विजयी बनाकर एक बार फिर से मोदीजी को प्रधानमंत्री बनाने में अपना सक्रिय योगदान प्रदान करें। हिमंता ने विपक्षी एआईयूडीएफ और कांग्रेस पर जमकर हमला बोला। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि आगामी लोकसभा चुनाव में मौलाना अजमल के पास तीन सीटें है, जिन पर वो चुनाव लड़ रहे हैं। वैसे तो मौलाना अपनी जीत को लेकर आश्वस्त है। उनको लगता है कि मुस्लिम मेजोरिटी है तो उनकी जीत पक्की है लेकिन इसी के साथ एक बात सामने आई है कि सांसद मौलाना बदरुद्दीन अजमल को रूहानी ताकतों का भी सहारा है।
लोग मानते हैं कि उन्हें रूहानी ताकतें हासिल हैं। दुआ देकर किसी का भी दुख-दर्द दूर कर सकते हैं। यही वजह है कि वे दो बार मुस्लिम बहुल सीट धुबरी से जीत चुके हैं। धुबरी के युवा देबज्योति दत्ता रोचक टिप्पणी करते हैं - ‘इस बार एआईयूडीएफ को जनता कहेगी दुआओं में याद रखना...।’ लेकिन ये तो आने वाला वक्त ही बताएगा कि दुआओं में जनता किसको याद रखेगी। खबर दें दे कि उनके आसपास लोग इस उम्मीद में हैं कि मौलाना के ‘हाथ’ उनकी ‘तकलीफ’ दूर कर देंगे।