बिहार पंचायत चुनाव (Bihar Panchayat Election 2021) में वोटरों को लुभाने के लिए प्रत्याशी कई बार आचार संहिता का भी उल्लंघन कर देते हैं. बीते दिनों, आपने नालंदा जिले में वोटरों को लुभाने के लिए मछली-भात के इंतजाम की खबर पढ़ी होगी अब ताजा मामला चिकन पुलाव (Chicken Pulao) खिलाने का आया है. जी हां, इस बार बिहार के गोपालगंज (Gopalganj) जिले में वोटरों को लुभाने के लिए बर्थडे पार्टी के नाम पर 5000 से ज्यादा लोगों को चिकन पुलाव खिलाने का आरोप एक मुखिया प्रत्याशी और उसके एजेंट पर लगा है. इस सबंध में मुखिया प्रत्याशी के इलेक्शन एजेंट को गिरफ्तार कर लिया गया है. मिली जानकारी के अनुसार बिहार पंचायत चुनाव के नौवें चरण के लिए प्रत्याशी प्रचार-प्रसार के साथ-साथ वोटरों को लुभाने के लिए हर तरह के प्रलोभन का इस्तेमाल कर रहे हैं. इसी क्रम में गोपालगंज जिले के जादोपुर दुःख हरण पंचायत में एक महिला मुखिया प्रत्याशी पर इलेक्शन एजेंट के जरिये वोटरों को लुभाने के लिए चिकन पार्टी देना का आरोप लगा है.

बताया जाता है कि महिला मुखिया प्रत्याशी (Mukhiya Candidate) राज कुमारी के इलेक्शन एजेंट ने कल यानि बुधवार को अपने बेटे के बर्थडे पार्टी के नाम पर काफी संख्या में इलाके के लोगों को खाने पर बुलाया था. किसी तरह इस बर्थडे पार्टी की जानकरी जिला प्रशासन के अधिकारियों को मिल गयी और उसके बाद डीएम (DM) और एसपी (SP) ने खुद मौके पर पहुंचकर रेड मारा. इस मामले में पुलिस इलेक्शन एजेंट प्रदीप सिंह को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ कर रही है.

मिली जानकारी के अनुसार प्रदीप सिंह के बेटे के बर्थडे पार्टी में करीब 5000 लोगों के लिए खाने का इंतजाम किया गया था. लोग दावत की खबर मिलते ही चिकन-पुलाव खाने के लिए पहुंच भी रहे थे. मुखिया प्रत्याशी के घर के पास ही खाने का इंतजाम किया गया था. लोग चिकन-पुलाव खा ही रहे थे कि वहां डीएम और एसपी ने पहुंचकर छापेमारी कर दी. छापेमारी के बाद मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति उत्पन्न हो गयी.

पिछले दिनों नालंदा जिले के सकरौल पंचायत की तत्कालीन मुखिया निशा भारती और उनके समर्थकों ने नामांकन से पहले वोटरों को लुभाने के लिए स्थानीय होटल में मछली-भात की पार्टी का इंतजाम किया था. बताया जाता है कि मुखिया द्वारा करीब 2 क्विंटल से ज्यादा मछली मंगवायी गयी थी. करीब एक हजार लोगों के खाने का इंतजाम किया जा रहा था. हालांकि पुलिस ने छापेमारी के बाद समान जब्त कर लिया था. इस सबंध में सीओ सदर का कहना था कि नामांकन से पहले से इस तरह का आयोजन करना आचार संहिता का उल्लंघन हैं. इसी कारण मुखिया के खिलाफ कार्रवाई की गयी है.

वहीं, हाल ही में भोजपुर जिले के चरपोखरी के मझिआंव और अररिया जिले के तरारी के करथ समेत अन्य इलाकों में शिकायत मिल थी कि पीडीएस डीलर मुफ्त अनाज बांट कर लोगों को लुभाने की कोशिश की कोशिश कर रहे थे. बताया जा रहा था कि डीलर चुनाव में खुद को और अपने रिश्तेदारों को लाभ पहुंचाने के लिए अधिक मात्रा में और मुफ्त गेहूं-चावल बांट रहे थे और लोगों को अपने पक्ष में मतदान करने के लिए भी प्रेरित कर रहे थे. हालांकि, इस मामले में भी पीडीएस डीलर पर प्रशासन की ओर से कार्रवाई की गयी थी.