बिहार की राजधानी पटना सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों में दवा दुकानदारों को सर्दी, खाँसी और बुखार के उपचार में इस्तेमाल होने वाली दवाइयों की बिक्री के समय रसीद पर मरीज़ का नाम, पता और मोबाइल फोन नंबर लिखने का निर्देश दिया गया है।


पटना नगर निगम क्षेत्र के सहायक औषधि नियंत्रक विश्वजीत दास गुप्ता की ओर से दवा के खुदरा विक्रेताओं को जारी एक पत्र में कहा गया है कि जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देश के अनुपालन में आप सभी को निर्देशित किया जाता है कि अपनी दुकान से सर्दी, खाँसी और बुखार के उपचार में इस्तेमाल होने वाली दवाइयां खरीदने वालों से मरीज़ का नाम, पता और मोबाइल फोन नंबर पूछें तथा उसे रसीद पर अवश्य लिखें।


पत्र में यह भी कहा गया है कि रसीद की एक प्रति अलग से रखे एवं मांगे जाने पर प्रस्तुत करें। कैमूर जिला के सहायक औषधि नियंत्रक द्वारा औषधि निरीक्षकों को सात अप्रैल को जारी एक पत्र में भी यही कहा गया है। साथ ही, यह भी कहा गया है कि कोविड-19 महामारी के नियंत्रण के मद्देनजर ये जानकारी आवश्यक है, ताकि स्वास्थ्य विभाग द्वारा उन रोगियों के संबंध में आगे की कार्ययोजना तैयार की जा सके।


बिहार के रोहतास, भोजपुर, किशनगंज और सारण में भी इसी तरह के आदेश जारी किए जाने की सूचना है। वहीं, बिहार के स्वास्थ्य विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि ऐसा कोई आदेश विभाग द्वारा जारी नहीं किया गया, बल्कि संबंधित जिलों के जिलाधिकारी स्तर पर ऐसी व्यवस्था की गयी है।


इस बीच, बिहार केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष परासन कुमार सिंह ने विभिन्न जिलों में इस तरह की सूचनाएं इकठ्ठा किए जाने तथा दवाइयों के भंडार को लेकर अलग-अलग ढंग से जानकारी मांगे जाने पर आपत्ति जताते हुए रविवार को कहा कि इस बारे में राज्य स्तर पर एक निर्देश जारी किया जाना चाहिए था।