इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (ISS) से धरती को देखने पर ये बिल्कुल ही अलग तरह की नजर आती है। फ्रांसीसी एस्ट्रोनोट थॉमस पेस्क्वेट ने पृथ्वी की ऐसी ही एक खूबसूरत तस्वीर को ट्वीट किया है। ये तस्वीरें मध्य पूर्व एशिया में स्थित बहरीन के कुछ हिस्सों में आए एक विशाल रेतीले तूफान की हैं। फ्रेंच एयरोस्पेस इंजीनियर, पायलट और यूरोपियन स्पेस एजेंसी के एस्ट्रोनोट पेस्क्वेट वर्तमान में ISS पर तैनात हैं। ये उनका ISS का दूसरा दौरा है।

थॉमस पेस्क्वेट ने ट्वीट किया, ‘एक रेतीला तूफान! मैं आज तक स्पेस से ऐसा नहीं देखा था, ये वाला बहुत बड़ा लग रहा है। मुझे इस बात से हैरानी हो रही है कि कितने टन रेत सैकड़ों किलोमीटर तक फैली हुई है। धरती माता के पास शक्ति है।’ पेस्क्वेट नवंबर 2016 से जून 2017 तक ISS में एक फ्लाइट इंजीनियर के रूप में एक्सपीडिशन 50 और एक्सपीडिशन 51 का हिस्सा थे। थॉमस पेस्क्वेट अप्रैल 2021 में SpaceX के ड्रैगन क्रू स्पेसक्राफ्ट के जरिए एक बार फिर ISS पर गए।

फ्रांसीसी एस्ट्रोनोट थॉमस पेस्क्वेट के साथ अमेरिकी स्पेस एजेंसी NASA के शेन किम्ब्रू और मेगन मैकआर्थर और जापानी स्पेस एजेंसी JAXA के एस्ट्रोनोट अकिहिको होशिदे ड्रैगन क्रू स्पेसक्राफ्ट में सवार होकर अंतरिक्ष में गए। शेन किम्ब्रू ड्रैगन क्रू के कमांडिंग अधिकारी थे, जबकि मैकआर्थर पायलट थे। थॉमस पेस्क्वेट एक अमेरिकी कमर्शियल क्रू व्हीकल पर सवार होकर अंतरिक्ष में जाने वाले पहले यूरोपियन एस्ट्रोनोट हैं।

थॉमस पेस्क्वेट ने जो तस्वीरें साझा की हैं, उसमें ISS पर एस्ट्रोनोट्स द्वारा की जाने वाली स्पेसवॉक को देखा जा सकता है। इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन पृथ्वी से करीब 400 किलोमीटर ऊपर उड़ान भर रहा है। यह हर 90 मिनट में लगभग 17,500 मील प्रति घंटे की गति से दुनिया का चक्कर लगाता है। पृथ्वी से चंद्रमा तक जाने और वापस आने में जितनी दूरी होती है, उसे एक दिन में इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन अकेले पूरा करता है।