मध्यप्रदेश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा चार लाख के आंकड़े को पार कर चुका है, महज 17 दिन में ही एक लाख पाजिटिव मामले सामने आए है, जिसे देखते हुए सीएम शिवराजसिंह चौहान ने कहा कि कोरोना का संकट अत्यंत विकट है, इसके इलाज में निजी अस्पतालों की भूमिका अहम है, यदि इस समय कोई निजी अस्पताल चालू करना चाहता है तो उसे सरकारी भवन सहित अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएगी, उन्होने यहां तक कहा कि 30 अप्रेल तक कोई भी व्यक्ति अनावश्यक रुप से घर से न निकले, गांव, मोहल्ले, कालोनियों में रहने वाले लोग जनता कफ्र्यू लगाए। 

बताया जाता है कि इंदौर, भोपाल सहित जिन शहरों में एक्टिव मामले बढ़ रहे है, वहां पर एक सप्ताह के लिए लॉक डाउन बढ़ा दिया गया है, यदि कोरोना की रफ्तार को काबू नहीं किया गया तो सरकार आगे भी पाबंदियां बढ़ाएगी।  

सीएम शिवराजसिंह चौहान ने कहा कि यह एक युद्ध है इसमें सबको सारे मतभेद भुलाकर एकजुट होकर लडऩा होगा, सरकार अपने स्तर पर पूरे प्रयास कर रही है लेकिन जब तक समाज का पूरा सहयोग नहीं मिलेगा हम कोरोना पर शीघ्र नियंत्रित नहीं कर पाएगें, बीमारी के थोड़े से भी लक्षण दिखने पर तत्काल जांच कराए, होम आइसोलेशन व कोविड केयर सेंटर में रहकर इलाज कराएं, यहां सरकार द्वारा दवाओं, डाक्टर के परामर्श आदि की पूरी व्यवस्था की गई है।  उन्होने यह भी कहा कि होम आइसोलेशन में सरकार की ओर से कोरोना के इलाज की सभी सुविधाएं दी जा रही हैं। 

आवश्यकता होने पर अस्पताल ले जाने के लिए एंबुलेंस का इंतजाम किया जा रहा है।  जिन मरीजों के घर में जगह कम है, वे कोविड केयर सेंटर में रहें। वहां पर दवाई के अलावा भोजन, चाय-नाश्ता आदि की व्यवस्था भी की गई है।  सभी जिलों में कोविड केयर सेंटर चालू हो गए हैं। सीएम श्री चौहान ने कहा कि सरकार अस्पतालों में बेड की संख्या लगातार बढ़ा रही है, एक अप्रेल तक 21159 बिस्तर उपलब्ध रहे, अब 40784 हो गए है।