सिक्किम के 11 समुदायों ने बीते मंगलवार को केंद्र सरकार से अनुसूचित जनजाति (एसटी) का दर्जा दिये जाने की मांग की है।

एक सरकारी विज्ञप्ति के अनुसार सिक्किम के मूल निवासी समुदायों के प्रतिनिधिमंडल ने पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री जितेंद्र सिंह से मुलाकात की और अपनी मांग को लेकर एक ज्ञापन सौंपा।

प्रतिनिधिमंडल में राई, मांगर, गुरुंग, थामी, भुजेल, जोगी, सन्यासी, गिरि, नेवार, खास भावन और चेत्री और देवान याखा जैसे समुदायों के प्रतिनिधि शामिल थे।

विज्ञप्ति के अनुसार प्रतिनिधियों ने अपने समुदायों को अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने के लिए मंत्री को एक ज्ञापन सौंपा। उन्होंने राज्य विधानसभा में अपने प्रतिनिधित्व, नौकरियों में आरक्षण, आयकर में छूट आदि मुद्दों पर भी चर्चा की।

सिंह ने इन समुदायों के योगदान की सराहना की और उन्हें न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करने का विश्वास दिलाया। उन्होंने कहा कि जनजातीय कार्य मंत्रालय के साथ ज्ञापन को साझा किया जाएगा।