देशभर में 8 जून सोमवार से धार्मिक स्थल, होटल और शॉपिंग मॉल खुल गए हैं। लेकिन नागालैंड में हाल में कोरोना वायरस के मामलों में तेजी देखने को मिली है। इसके मद्देनजर नागालैंड सरकार ने तय किया है कि प्रदेश में 30 जून तक प्रार्थनास्थलों और होटलों को बंद रखा जाएगा। वहीं कोरोना वायरस के संक्रमण के खतरे को देखते हुए ओडिशा की बीजेडी सरकार ने भी ऐसा ही फैसला किया है। ओडिशा में 30 जून तक धार्मिक स्थल और होटल बंद रहेंगे।


बता दें कि केंद्र सरकार ने धार्मिक स्थलों, होटलों और रेस्तरां को आज 8 जून से फिर से खोलने के लिये मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) जारी की थी। जिसके तहत आज से देशभर के कई राज्यों में जन-जीवन फिर से सामान्य तरीके से पटरी पर लौट सकेगा। लोग मंदिर जा सकेगें और घूमने के लिए शॉपिंग मॉल भी जा सकेगें।


नागालैंड के प्रमुख सचिव (गृह) अभिजीत सिन्हा ने रविवार को संवाददाताओं को बताया कि नागालैंड के मुख्य सचिव द्वारा 4 मई को लॉकडाउन को लेकर जारी किए गए दिशा-निर्देश अगले आदेश तक बरकरार रहेंगे। मुख्य सचिव द्वारा 4 मई को जारी अधिसूचना में कहा गया था, 'सभी प्रार्थनास्थल जनता के लिये बंद रहेंगे और धार्मिक समारोहों पर सख्ती से पाबंदी रहेगी।' यह अधिसूचना राज्य में लॉकडाउन को बढ़ाने के लिए जारी की गई थी। अधिसूचना के मुताबिक, पुलिसकर्मियों, सरकारी अधिकारियों, स्वास्थ्य कर्मियों और फंसे हुए लोगों के लिए छोड़कर राज्य में सभी आतिथ्य सेवाओं पर रोक रहेगी।


गौरतलब है कि नागालैंड में मई के अंत तक कोरोना वायरस के मामले नहीं मिले थे लेकिन देश के दूसरे हिस्सों से उसके निवासियों के लौटने के बाद यहां मामले तेजी से बढ़े हैं। राज्य में 25 मई तक तीन मामले थे, वहीं सात जून को इनकी संख्या बढ़कर 118 पहुंच गई। 110 लोगों का इलाज चल रहा है जबकि आठ लोग ठीक हो चुके हैं।