NSCN-IM ने 43वां NSCN स्थापना दिवस मनाया और इसके अध्यक्ष क्यू टुकु (Q Tuccu) ने कहा कि NSCN पूरी तरह से आर्थिक पैकेज या थोपे गए राजनीतिक पैकेज के खिलाफ है। इउन्होंने कहा कि ये नागाओं को स्थायी समाधान देने से दूर हैं।
3 अगस्त, 2015 को हस्ताक्षरित फ्रेमवर्क समझौते के राजनीतिक महत्व के बारे में बताते हुए, टुकू ने कहा कि "भारत सरकार और NSCN ने साझा संप्रभुता के आधार पर दो संस्थाओं के शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के लिए एक नया संबंध स्थापित करने के लिए एक समझौता किया था "।
उन्होंने कहा का कि "स्थायी शांति के लिए एक सम्मानजनक और स्वीकार्य समाधान की यही एकमात्र कुंजी है। हम अपने स्टैंड को दोहराने के लिए रिकॉर्ड में रखते हैं कि नागा फ्रेमवर्क समझौते के सिद्धांतों का पालन करेंगे। कोई दूसरा रास्ता नहीं है और हम फ्रेमवर्क समझौते के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे "।
टुक्कू (Q Tuccu) ने कहा कि " नागालैंड के मोन जिले के ओटिंग में क्या हुआ, जहां पिछले साल 4 दिसंबर को 21 पैरा स्पेशल फोर्स द्वारा 13 कोन्याक (Konyak) नागा ग्रामीणों की हत्या कर दी गई थी और अगले दिन सोम में नागा राजनीतिक संघर्ष के इतिहास में असम राइफल्स द्वारा फायरिंग में एक अन्य नागरिक सबसे दर्दनाक घटनाओं में से एक है। हम ओटिंग और कोन्याक लोगों के साथ हैं और साथ में हम न्याय के लिए लड़ेंगे "।