केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार देश के किसानों की आय दोगुनी करने के लिए कई योजनाओं का संचालन कर रही है। कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने भी कई मौकों पर कह चुके हैं कि सरकार किसानों की आय दोगुनी करने के लक्ष्य को हासिल करने के लिए पूरे तन-मन से काम कर रही है। हालांकि, किसानों की बात हो और उनके कर्जमाफी का मुद्द न उठे ऐसा कम ही होता है।

अब ये मुद्दा संसद में उठा और सरकार से सवाल पूछा गया कि क्या केंद्र सरकार किसानों के कर्ज को माफ करने की योजना बना रही है? इस पर लिखित में जवाब देते हुए वित्त राज्यमंत्री भागवत किशनराव कराड ने संसद को बताया कि किसानों की कर्जमाफी को लेकर फिलहाल सरकार की कोई भी योजना नहीं है। नबार्ड के आंकड़ों के मुताबिक देश के किसानों पर इस समय 16.8 लाख करोड़ रुपये का कर्ज है।

साथ ही सरकार ने संसद में किसानों के कर्ज से जुड़ा पूरा डाटा भी पेश किया जिसमें सभी राज्यों के किसानों पर कर्ज का लेखा-जोखा मौजूद है। इस दस्तावेज के मुताबिक सबसे ज्यादा कर्ज में डूबे किसान वाले राज्यों में तमिलनाडु सबसे ऊपर है। तमिलनाडु के किसानों पर 1.89 लाख करोड़ का कर्ज है।

इन 5 राज्यों के किसानों पर सबसे ज्यादा कर्ज

तमिलनाडु- 189623.56 करोड़ का कर्ज

आंध्र प्रदेश- 169322.96 करोड़ का कर्ज

उत्तर प्रदेश- 155743.87 करोड़ का कर्ज

महाराष्ट्र- 153658.32 करोड़ का कर्ज

कर्नाटक- 143365.63 करोड़ का कर्ज

इन 5 राज्यों में सबसे अधिक अकाउंट्स पर कर्ज

तमिलनाडु- 1,64,45,864 अकाउंट्स पर कर्ज

उत्तर प्रदेश- 1,43,53,475 अकाउंट्स पर कर्ज

आंध्र प्रदेश- 1,20,08,351 अकाउंट्स पर कर्ज

कर्नाटक- 1,08,99,165 अकाउंट्स पर कर्ज

महाराष्ट्र- 1,04,93,252 अकाउंट्स पर कर्ज

इन 5 प्रदेशों के किसानों पर सबसे कम कर्ज

दमन और दीव- 40 करोड़ का कर्ज

लक्षद्वीप- 60 करोड़ का कर्ज

सिक्किम- 175 करोड़ का कर्ज

लद्दाख- 275 करोड़ का कर्ज

मिजोरम- 554 करोड़ का कर्ज

इन 5 राज्यों में सबसे कम अकाउंट्स पर कर्ज

> दमन और दीव- 1,857 अकाउंट्स पर कर्ज

> लक्षद्वीप- 17,873 अकाउंट्स पर कर्ज

> सिक्किम- 21,208 अकाउंट्स पर कर्ज

> लद्दाख- 25,781 अकाउंट्स पर कर्ज

> दिल्ली- 32,902 अकाउंट्स पर कर्ज

हाल ही में पंजाब सरकार ने किसानों के 590 करोड़ रुपये के कर्ज को माफ करने का ऐलान किया है। ये कर्जमाफी मजदूरों और भूमिहीन कृषक समुदाय के लिए कृषि कर्ज माफी योजना के तहत करने की घोषणा की गई है। बता दें कि पंजाब में इस योजना के तहत अब तक 5.64 लाख किसानों का 4,624 करोड़ रुपये का कर्ज माफ किया जा चुका है। इसके अलावा कई अन्य राज्यों ने भी किसानों के कर्ज को माफ करने की बात कही है।