असम राइफल्स की लुंगलेई बटालियन ने "भूजल, अदृश्य को दृश्यमान बनाना" विषय पर 'विश्व जल दिवस' के उपलक्ष्य में लुंगपुक हैमलेट के कंपनी ऑपरेटिंग बेस में एक व्याख्यान आयोजित किया। इस व्याख्यान में लगभग 34 लोगों ने भाग लिया था। इस व्याख्यान का लक्ष्य 2030 तक सभी के लिए जल और स्वच्छता की पूर्ति में सहायता करना था।

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इस व्याख्यान में बताया गया कि धरती का लगभग 75% हिस्सा पानी से ढका हुआ है। इसके बावजूद दुनिया की दो-तिहाई आबादी हर साल कम से कम एक महीने के लिए गंभीर पानी की कमी का अनुभव करती है। इसके अतिरिक्त, विश्व के प्रत्येक चार प्राथमिक विद्यालयों में से एक के पास स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध नहीं है।

इस व्याख्यान के दौरान सामुदायिक स्तर पर पानी के महत्व और इसके विवेकपूर्ण उपयोग पर ध्यान दिया गया, क्योंकि पानी का हमारे घरों, भोजन, संस्कृति, स्वास्थ्य, शिक्षा, अर्थशास्त्र और हमारे प्राकृतिक पर्यावरण की अखंडता और व्याख्यान के लिए बहुत बड़ा और जटिल महत्व है। सामुदायिक स्तर पर पानी के महत्व और इसके विवेकपूर्ण उपयोग पर ध्यान केंद्रित किया।

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इस व्याख्यान में आगे बताया गया कि अगर हम पानी के संरक्षण के मूल्य को खो देते हैं, तो हम इस सीमित, अपूरणीय संसाधन के कुप्रबंधन का जोखिम उठाते हैं। इस कार्यक्रम में 4 स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) और अन्य समुदाय आधारित संगठनों के 400 से अधिक प्रतिभागी शामिल हुए। स्थानीय लोगों ने युवाओं के भविष्य के निर्माण में असम राइफल्स द्वारा किए जा रहे प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया।