मेघालय बीजेपी के अध्यक्ष अर्नेस्ट मावरी ने कई मुद्दों पर मेघालय डेमोक्रेटिक अलायंस (एमडीए) सरकार को लताड़ लगाई है। जिसमें अपने दो विधायकों को विश्वास में नहीं लिया था। इसमें भगवा पार्टी यानी की बीजेपी के दो विधायकों ने कहा है कि सरकार के खिलाफ बयान "चुने हुए विधायकों को विश्वास में लेने और उचित और स्वीकृत मंच के माध्यम से मुद्दों को उठाने के बाद ही किया जाना चाहिए।"

इन्होंने कहा कि नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) द्वारा भाजपा मेघालय में गठबंधन सरकार का हिस्सा और पार्सल है। भाजपा के दो विधायकों में स्वास्थ्य मंत्री एएल हेक और सैनबोर शूली ने एमडीए सरकार का बचाव किया और कहा कि सरकार के खिलाफ कोई भी बयान सबसे पहले भाजपा संसदीय दल के संज्ञान में लाया जाना चाहिए। हेक ने कहा कि यदि कोई समस्या है तो उसे बीजेपी संसदीय दल में लाया जाना चाहिए।


ऐसा करने से विधायक सरकार के निवारण या सुधारात्मक उपायों के लिए काम करें क्योंकि पार्टी गठबंधन सरकार का हिस्सा है। यदि सरकार ध्यान नहीं देती है, तो यह एक अलग मुद्दा है कि हमें फिर से बैठना चाहिए और फैसला करना चाहिए कि हमें क्या करना चाहिए। उप मुख्यमंत्री प्रस्टोन तिनसॉन्ग के बयान के बारे में पूछे जाने पर हेक ने कहा कि प्रस्टोन के बयान में कहा गया है कि एमडीए समन्वय समिति में मुद्दों पर चर्चा होनी चाहिए।