वैश्विक महामारी कोरोना वायरस से पूरी दुनिया परेशान है। संक्रमण में हो रही वृद्धि चिंता का विषय है। भारत में कोविड-19 की दूसरी लहर भी पूरी तरह से समाप्त नहीं हुई है और तीसरी लहर का खतरा सताने लगा है। असम में कोरोना का कहर देखा जा सकता है। वहीं, पूर्वोत्तर के राज्य कोरोना की गिरफ्त में हैं। यहां के कई राज्‍यों में कोरोना के मामले बढ़ रहे हैं। इसको लेकर केंद्र सरकार भी गंभीर हो गई है। 

असम में कोरोना वायरस के मामलों में वृद्धि देखी जा रही है। कोरोना का प्रकोप थमने का नाम नहीं ले रहा है। असम सरकार द्वारा गुरुवार को जारी किए गए कोविड -19 डैशबोर्ड में 568257 मामलों की पुष्टि की गई है। जिनमें 11082 सक्रिय मामले हैं।‌ अब तक वहां 550534 संक्रमित मरीज ठीक हो चुके हैं, जबकि 5294 की मौत हो गई है।

विशेषज्ञों की माने तो भारत में कोविड-19 की तीसरी लहर जल्द दस्तक दे सकती है। ‌देखा जाए तो देश के कुछ राज्यों में बढ़ रहे मामले तीसरी लहर की ओर ही ले जाते दिख रहे हैं। मंगलवार, 3 अगस्त को स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा कहा गया था कि देश के उत्तर पूर्वी राज्यों में कोरोना मामलों में एक बार फिर से तेजी देखी जा रही है। संक्रमण के मामलों में हो रही वृद्धि और मौतों को देखते हुए कोरोना वायरस की तीसरी लहर के तांडव का अंदाजा लगा पाना मुश्किल है।

केरल में कोरोना वायरस का पॉजिटिविटी रेट कुछ गिरा है, जहां पहले 12 से ऊपर था। अब 10.5 फीसद हो गया है। जो यकीनन भयावह है। वहीं बात देश के पूर्वोत्तर राज्यों की करें तो सिक्किम में 19.5 फीसद पॉजिटिविटी दर बना हुआ है। वहीं बाकी पूर्वोत्तर के 5 राज्यों में संक्रमण दर अभी फिलहाल 10 फीसद या उससे अधिक का है।

19.5 फीसद सिक्किम

15 फीसद मणिपुर

11.8 फीसद मिजोरम

 10.5 फीसद केरल

9.4 फीसद मेघालय

7.4 फीसद अरुणाचल प्रदेश

6 फीसद नागालैंड