मणिपुर के उपमुख्यमंत्री वाई जॉयकुमार (Y Joykumar) और नेशनल पीपुल्स पार्टी (एनपीपी) (NPP) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने राज्य में गठबंधन सरकार में अपने सहयोगी भाजपा की आलोचना करते हुए कहा कि भाजपा और कांग्रेस में कोई अंतर नहीं है। थौबल जिले के हिरोक में पार्टी की एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए एनपीपी नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा के मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह (N Biren Singh)  ने पिछले पांच वर्षों में राज्य के विकास और लोगों के कल्याण के लिए कुछ नहीं किया है। वे केवल एनपीपी को कमजोर करने के तरीके खोज रहे हैं। 

सहयोगी होने के बावजूद मुख्यमंत्री ने हमेशा एनपीपी को गठबंधन सरकार से बाहर करने का प्रयास किया, यह भूलकर कि 2017 के चुनावों के बाद राज्य में भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार बनाने के लिए उसने (एनपीपी) (NPP) की प्रमुख भूमिका निभाई थी। राष्ट्रीय उपाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि पांच वर्षों में मुख्यमंत्री (N biren Singh) ने एनपीपी को बाहर करने के कारणों को खोजने पर ध्यान केंद्रित करने के अलावा कुछ नहीं किया। उनके पास यह याद करने का समय नहीं था कि एनपीपी ने उन्हें राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में स्थापित किया था।

मुख्यमंत्री की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा वह (बीरेन) लोगों के कल्याण के नाम पर योजनाओं की एक श्रृंखला शुरू करने में रुचि रखते थे, लेकिन उन्हें जमीन पर कभी लागू नहीं किया। उन्होंने कहा कि राज्य के लोगों ने महसूस किया है कि राज्य में भाजपा के पांच साल के शासन में कोई बदलाव नहीं आया। उपमुख्यमंत्री नेे भाजपा पर लोगों से झूठ बोलने, झूठे प्रचार और वादों के साथ मतदाताओं को लुभाने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, भाजपा शासन और तत्कालीन कांग्रेस शासन में कोई अंतर नहीं है। उन्होंने लोगों से एनपीपी उम्मीदवार के पक्ष में मतदान करने का आग्रह किया। 2017 में राज्य विधानसभा के आम चुनावों के बाद दूसरी सबसे बड़ी पार्टी होने के बावजूद  भाजपा ने एनपीपी और एनपीएफ के साथ गठबंधन की सरकार बनाई थी।