भाजपा के वरिष्ठ नेता हिमंत बिस्वा सरमा ने सोमवार को कहा कि मणिपुर में भाजपा नीत सरकार का संकट दो से तीन दिन में नेडा और राजग के सिद्धांतों की भावना के अनुरूप सुलझा लिया जाएगा। मणिपुर में एन बिरेन सिंह की अगुवाई वाली सरकार तब संकट में घिर गयी जब एनपीपी के चार मंत्रियों समेत भाजपा नीत गठबंधन के नौ सदस्यों ने 17 जून को इस्तीफा दे दिया।


नेडा के संयोजक ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, 'चीजें बिल्कुल नियंत्रण में हैं और चिंता की कोई बात नहीं है। हम इस मुद्दे को अगले दो से तीन दिनों में उत्तरपूर्व जनतांत्रिक गठबंधन (नेडा) एवं राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) के सिद्धांतों की भावना के अनुरूप सुलझा लेंगे।'


असम के मंत्री ने कहा, 'हम अपने विधायकों से चर्चा कर रहे हैं और सारी चर्चा सकारात्मक तरीके से चल रही हैं।' जब उनसे पूछा गया कि क्या मणिपुर में भाजपा नीत ठबंधन में वे ही दल होंगे जो पहले थे तो उन्होंने कहा कि राज्यसभा चुनाव और विधायकों को विधानसभा अध्यक्ष द्वारा अयोग्य करार दिये जाने के बाद शिल्प भले ही अलग हो लेकिन वहां नेडा और राजग की भावना जरूर होगी।'

सरमा ने कहा कि मणिपुर में उपचुनाव होने हैं क्योंकि सदस्यता के लिए अयोग्य करार देने का विधानसभा अध्यक्ष का निर्णय अंतिम है और उसे रद्द नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा, 'मैं कल इंफाल जा सकता हूं और अच्छे परिणाम की आशा है लेकिन मैं फिलहाल कुछ नहीं कहना चाहता।'