उत्तर प्रदेश (UP) में आयोजित हुनर हाट (Hunar Haat) में देश की सांस्कृतिक विरासत झलक रही है। रामपुर (Rampur) में देश 30 राज्यों से आए शिल्पकार एवं दस्तकार अपनी कला के साथ संस्कृति को पेश कर रहे हैं, जबकि बॉलीवुड के कलाकार सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए रंग जमाने में लगे हैं। मेरा गांव, मेरा देश थीम पर आधारित तैयार गांव ग्रामीण परिवेश को पेश कर रहा है, तो स्थानीय उत्पाद भी लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।

केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय (Union Ministry of Minority Affairs) की ओर से 16 अक्तूबर से लेकर 25 अक्तूबर तक हुनर हाट (Hunar haat) का आयोजन किया जा रहा है। शनिवार को इसकी शुरुआत हो गई। यह हुनर हाट एक तरह से लघु भारत के दर्शन करा रहा है, जिसमें देश के 30 राज्यों के दस्तकार एवं शिल्पकार प्रतिभाग कर रहे हैं। ये दस्तकार एवं शिल्पकार न सिर्फ अपनी कला को प्रदर्शित कर रहे हैं, बल्कि अपने राज्यों की संस्कृति को भी पेश कर रहे हैं।

देश के ग्रामीण परिवेश को दर्शाने के लिए मेरा गांव, मेरा देश (Mera gaun mera desh) थीम पर आधारित गांव तैयार किया गया है, जहां लोग ग्रामीण परिवेश में अलग अलग राज्यों के व्यंजनों का आनंद ले सकते हैं। इसके अलावा असम के बांस से तैयार किए गए उत्पाद और भदोही की कालीन लोगों के बीच आकर्षण का केंद्र बनी हुई है। साथ ही स्थानीय उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगी है। इंडिया गेट के मॉडल का तैयार गेट और स्वतंत्रता सेनानियों की प्रतिमाएं लोगों को आकर्षित कर रही हैं।

आंध्रप्रदेश, असम, गुजरात, बिहार, दिल्ली, राजस्थान, मणिपुर (Manipur), सिक्किम, मध्यप्रदेश, झारखंड आदि राज्यों के दस्तकार व शिल्पकार हुनर हाट में अपने उत्पादों के साथ मौजूद हैं। हुनर हाट में कचरे से तैयार किए गए आकर्षक उत्पाद भी अपनी चमक बिखेर रहे हैं। रामपुर के उत्पादों के प्रमुख स्टॉलों में रामपुरी टोपी, चाकू, जरी जरदोजी, वायलिन आदि हैं। इसके अलावा मिट्टी के उत्पाद भी प्रदर्शित किए गए हैं।