मणिपुर के क्षेत्रीय चिकित्सा विज्ञान संस्थान (रिम्स) के वायरल रिसर्च एंड डायग्नोस्टिक लेबोरेटरीज (वीआरडीडल) और जवाहरलाल नेहरू आयुर्विज्ञान संस्थान (जेएनआईएमएस) से कोरोना के दो और सक्रिय मामले सामने आए हैं। इन दो नये मामलों के साथ प्रदेश में कोरोना संक्रमितों की संख्या अब 34 हो गई है और जिनमें से 30 सक्रिय मामले हैं। 

चार मरीजों की रिपोर्ट पहले ही निगेटिव बताई हैं। इन दो नये मामलों में से एक 26 वर्षीय पुरुष चुराचांदपुर जिले से है और वह जिला अस्पताल चुराचांदपुर में आइसोलेशन में रखा गया है। इसके अलावा दूसरा मामला नोनी जिले से है जहां 21 वर्षीय युवक कोरोना संक्रमित पाया गया और उसे रिम्स के कोविड देखभाल सुविधा केन्द्र में रखा गया है। दोनों की हालत स्थिर बतायी गयी है।

गौरतलब है कि  कुवैत सरकार कानून तोडऩे के जुर्म में जेल में बंद असम और त्रिपुरा के 136 लोगों सहित 241 भारतीयों को भारत को सौंपने पर सहमत हो गयी है। ये सभी लम्बे समय से वर्क वीजा पर कुवैत गए हुए थे। हाल ही में कुवैत में वैश्विक महामारी कोरोना वायरस ‘कोविड-19’ के फैलने के बाद सभी विदेशियों को उनके देश वापस भेजने की पहल की गयी है। त्रिपुरा सरकार के प्रवक्ता शिक्षा मंत्री रतन लाल नाथ ने कहा कि विदेश मंत्रालय ने उन्हें त्रिपुरा वासियों को लेने के लिए तैयार रहने को कहा है, जिन्हें 27 मई और 04 जून के बीच किसी भी समय गुवाहाटी हवाई अड्डे पर विशेष विमान से भेजा जाएगा। 

मध्य एशिया के विभिन्न हिस्सों में बड़ी संख्या में त्रिपुरा, असम और पश्चिम बंगाल के लोग निर्माण कार्य, ड्राइवर और उसके सहायक के रूप में काम करते हैं। कथित तौर पर इनमें से कई लोगों को मजदूरी का भुगतान नहीं होने के कारण, मानसिक और शारीरिक यातना के कारण हर साल स्वदेश लौटना पड़ता है और कुछ को कानून तोडऩे की शिकायतों के बाद जेल में बंद कर दिया जाता है।