भगवान हनुमान के जन्मस्थान पर तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (टीटीडी) ने दावा किया है कि ऐतिहासिक और प्रासंगिक सबूत प्रदान को देखते हुए यह साफ हो गया है कि आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिले में भगवान वेंकटेश्वर का निवास स्थान तिरुमला भगवान हनुमान का जन्मस्थान है। मंदिर का प्रशासन, तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम 13 अप्रैल को उगादि उत्सव (तेलुगु नव वर्ष) के दिन एक दस्तावेज जारी करेंगे।

टीटीडी ने दस्तावेजों के मुताबिक जिसके  यह साबित किया जा सके कि अंजनाद्री, तिरुमाला की सात पहाड़ियों में से एक, अंजनाद्री को भगवान हनुमान का जन्मस्थान कहा जाता है। टीटीडी के कार्यकारी अधिकारी केएस जवाहर रेड्डी ने कहा कि "हम यह साबित करने के लिए एक पुस्तिका के रूप में समिति की रिपोर्ट लाएंगे कि भगवान हनुमान वास्तव में अंजनाद्री में पैदा हुए थे, जो तिरुमाला की सात पहाड़ियों में से एक है, जो पूर्वी घाट के शेषचलम पहाड़ी श्रृंखला का हिस्सा हैं "।


रेड्डी के साथ बैठक में टीटीडी को हनुमान के जन्मस्थान पर अपनी रिपोर्ट सौंपी है। एक बैठक के सदस्य ने बताया कि “खगोल विज्ञान पर आधारित भगवान राम के मार्ग को ट्रैक करने के लिए अतीत में विभिन्न अन्य शोधकर्ताओं द्वारा कई अध्ययन किए गए हैं ”। इसी तरह से एक ओर सदस्य ने बताया कि "शास्त्रों के अनुसार, अंजना देवी ने भगवान हनुमान को जन्म देने से पहले तमसाला पहाड़ियों के एक झरने, और अखाड़ा गंगा में पवित्र स्नान किया था "।