वास्तु शास्त्र में तुलसी के पौधे को सुखी जीवन और कल्याण का बहुत ही बढ़ा प्रतीक माना जाता है। शास्त्रों के मुताबिक तुलसी का पौधा इंसान के सभी शारीरिक और मानसिक तमाम दोषों को दूर करता है साथ ही घर के सभी दोष भी दूर करता है। शास्त्रओं के मुताबिक तुलसी के पौधे से देवताओं की कृपा होती है। कहा जाता है कि तुलसी मां को राधा रानी का अवतार है।


तुलसी के पौधे की पूजा की जाती है। लेकिन पूजा करने के साथ साथ पौधे की देखरेख और रख रखाव भी बहुत ही सावधानी से किया जाता है। ध्यान दें कि तुलसी के पौधे को कभी भी घर की छत पर नहीं रखना चाहिए। पौधे को घर की छत पर रखने से आर्थिक हानि की आशंका रहती है। जिससे की तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।

तुलसी की पत्तियों को कभी भी चबाकर नहीं खाना चाहिए बल्कि जीभ पर रखकर चूसना चाहिए। पत्तों को मिलाकर खाने से स्वास्थ्य से जुड़ी कई परेशानियों से राहत मिलती है और दिनभर शरीर में ऊर्जा का संचार रहता है। तुलसी की रोजाना पूजा करने से चल रहे मनमुटाव दूर होते हैं। तुलसी को रसोई के पास रखने से सामंजस्य बढ़ता है। तुलसी के पौधे का सूख जाना या फिर मुरझा जाना अशुभ माना जाता है।