आज पूर्णिमा की रात है और आज के दिन मां लक्ष्मी (Maa Lakshmi) की पूजा की जाती है।  आज की रात को कोजागरी (Kojagari Purnima) रात कहते है क्योंकि इसका मतलब होता है कि कौन जार रहा है। माना जाता है कि इस दिन मां लक्ष्मी धरती पर विचरण करने आती है। दिवाली से पहले यही ऐसा दिन है, जब मां लक्ष्मी की विशेष पूजा अर्चना की जाती है।


माना जाता है रात को माता लक्ष्मी (Maa Lakshmi) धरती पर आती हैं और जो उनकी पूजा और उनके नाम का स्मरण करता है, उस पर मां लक्ष्मी विशेष कृपा बरसाती हैं। यहा कारण है कि इसे पूर्णिमा को कोजागरी पूर्णिमा भी कहते हैं। पूर्णिमा की रात मां के विशेष भजन कीर्तन किए जाते हैं। मां लक्ष्मी को प्रसन्न करने के लिए इस पूर्णिमा पर लोग रात भर मां पूजा और भजन कीर्तन करते हैं।


आज मां लक्ष्मी (Maa Lakshmi) की पूजा करते हुए श्वेत पुष्प व पान चढ़ाए। इस दिन श्रीसूक्त का पाठ कर अखण्ड ज्योत जलानी चाहिए। ज्योतिषियों की मानें तो इस दिन किसी को भी पैसों को नहीं देना चाहिए। इस दिन लाल रंग के कपड़े धारण करने चाहिए। बंगाली समुदाय में कोजागरी लक्खी पूजा के दिन दुर्गापूजा वाले स्थान पर मां लक्ष्मी की विशेष रूप से प्रतिमा स्थापित की जाती है और उनकी पूजा करते हैं।