शनि की साढ़े साती का असर सभी 12 राशियों पर पड़ता है। बताया जाता है कि शनि की महादशा का असर कुंभ, मकर, धनु और मीन राशि वालों पर कम पड़ता है। जबकि अन्य राशियां ज्यादा प्रभावित होती हैं। शनि की साढ़े साती से पीड़ित जातकों को शारीरिक, आर्थिक और मानसिक कष्टों का सामना करना पड़ता है।


मंगल का राशि परिवर्तन कन्या राशि में होगा। ऐसे में कन्या राशि के जातकों पर इस राशि परिवर्तन का ज्यादा प्रभाव पड़ेगा। इसके अलावा मंगल ग्रह की राशि मेष है। ऐसे में मंगल गोचर का प्रभाव मेष राशि वालों पर भी ज्यादा होगा।


शुक्र तुला राशि में गोचर करेंगे। ऐसे में तुला राशि वालों पर शुक्र राशि परिवर्तन का खास प्रभाव देखने को मिल सकता है। इसके अलावा शुक्र ग्रह की दो राशि वृष और तुला पर भी राशि परिवर्तन का असर पड़ेगा।

उपाय
शनि दोष से पीड़ित राशि वालों को हर शनिवार शनिदेव के मंत्र ‘ऊं प्रां प्रीं प्रौं स: शनैश्चमराय नम:’ का जाप करना चाहिए। शनिवार को सुबह स्नान आदि करके पीपल के वृक्ष पर जल चढ़ाना शुभ माना जाता है। प्रतिदिन महामृत्युंजय मंत्र या

 'ॐ नमः शिवाय'


का जाप और सुंदरकाण्ड का पाठ करने से शनिदेव प्रसन्न होते हैं। शनिवार के दिन व्रत रखना चाहिए।