शनिदेव (Shani Dev) न्याय (Justice) के देवता है और इन्हें न्याय पसंद है। जब कोई इंसान गलत करता है तो उसे शनि किसी न किसी रूप में सजा देते हैं। इन्हें सबसे क्रूर ग्रह भी माना जाता है। शनि ग्रह (Saturn planet) की चाल बहुत ही धीमी होती है। बता दें कि शनि का राशि परिवर्तन (Shani Ka rashi Parivartan) बड़ा और लंबे समय तक चलने वाला परिवर्तन लेकर आता है।

शनि (Shani) ढाई साल में राशि परिवर्तन करते हैं और हर परिवर्तन के साथ किसी न किसी राशि पर साढ़े साती और ढैय्या (Sade Sati and Dhaiya) शुरू हो जाती है। अभी शनि मकर राशि में है, जिससे 5 राशियां शनि की साढ़े साती और ढैय्या झेल रही हैं।  इनमें धनु, मकर और कुंभ राशि पर शनि की साढ़े साती और मिथुन-तुला पर शनि ढैय्या चल रही है।

ज्योतिष के मुताबिक अगले साल 22 अप्रैल 2022 को शनि राशि बदलकर कुंभ राशि में आ जाएंगे। इसके साथ ही धनु राशि पर साढ़े साती खत्‍म हो जाएगी और मीन राशि पर साढ़े साती शुरू हो जाएगी। शनि (Shani)की साढ़े साती और ढैय्या आमतौर पर जिंदगी में कई मुश्किलें लेकर आती हैं इसलिए जिन राशियों (Zodiac Sign) पर इसका साया नहीं रहता है, उनके जातक खुश रहते हैं और काफी तरक्की करते हैं।

जानकारी के लिए बता दें कि शनि (Shani) की टेढ़ी नजर राजा को रंक बना देती है। अगले 10 सालों  (साल 2022 से 2031 तक) की बात करें तो 5 राशियां ऐसी रहेंगी, जिन पर शनि की साढ़े साती नहीं रहेगी। अगले 10 साल तक

कर्क राशि
सिंह राशि
कन्या राशि
तुला राशि
वृश्चिक जातकों पर शनि की साढ़े साती नहीं रहेगी।

हालांकि इस दौरान इनमें से कुछ राशियों को शनि की ढैय्या का प्रभाव झेलना पड़ सकता है. वैसे जिन लोगों की कुंडली में शनि अच्‍छी स्थिति में होते हैं, उन्‍हें शनि की साढ़े साती और ढैय्या में भी शनि देव अच्‍छे फल देते हैं।