48 घंटे बाद करवा चौथ (karva chauth) का व्रत है। महिलाओं का सबसे बड़ा और खास त्योहार माना जाता है करवा चौथ का व्रत। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र, सफला और अच्छे स्वास्थ्य की कामना करती है। ज्योतिष गणनाओं के अनुसार महिलाओं के लिए अखंड सौभाग्य का व्रत करवा चौथ (karva chauth) कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को मनाया जाएगा।
नोट कर लें करवा चौथ (karva chauth) का व्रत 24 नवंबर दिन रविवार को निर्धारित है। मां चौथ की विधि विधान के साथ पूजा कर महिलाएं निर्जला व्रत रखती है। बताया जा रहा है कि इस बार करवा चौथ (karva chauth) कई अच्छे संयोग में आ रहा है। पांच साल बाद करवा चौथ पर इस बार रोहिणी नक्षत्र में पूजन होगा तो वहीं रविवार का दिन होने की वजह से भी व्रती महिलाओं को सूर्यदेव का आशीर्वाद प्राप्त होगा।
खास तौर पर सुहागिनों के लिए यह करवा चौथ (karva chauth) अखंड सौभाग्य देने वाला होगा। करवा चौथ के दिन मां पार्वती (Maa Parvati), भगवान शिव ( Lord Shiva), कार्तिकेय (Kartikeya) एवं गणेश (Ganesh) सहित शिव परिवार का पूजन किया जाता है। मां पार्वती से सुहागिनें अखंड सौभाग्य की कामना करती हैं।

चौथ की पूजा का शुभ मुहूर्त
रोहिणी नक्षत्र में चांद निकलेगा और पूजन होगा। कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि इस साल 24 अक्टूबर 2021, रविवार सुबह 3 बजकर 1 मिनट पर शुरू होगी जो अगले दिन 25 अक्टूबर को सुबह 5 बजकर 43 मिनट तक रहेगी। इस दिन चांद निकलने का समय 8 बजकर 11 मिनट पर है। पूजन के लिए शुभ मुहूर्त 24 अक्टूबर 2021 को शाम 06:55 से लेकर 08:51 तक रहेगा।