चावल एक ऐसा अन्न है जो सभी देवी देवताओं को प्रिय है। हर पूजा पाठ में चावल का उपयोग किया जाता है। चावल से पूजा पाठ ही नहीं तंत्र मंत्र भी किए जाते हैं। आपको यकीन नहीं होगा लेकिन चावल द्वारा किए गए तंत्र मंत्र जल्दी ही असर दिखाता है। इसी तरह से इन सब में सावधानी वाली बात यह है कि पूजा पाठ या तंत्र मंत्र में खंडित चावल का उपयोग नहीं किया जाता है।

खंडित चावलों का उपयोग करने से पूजा पाठ का उल्टी दिशा में असर होने लगता है जिससे घर पूरा का पूरा बर्बाद हो जाता है। तो आप ऐसी गलती भूलकर भी ना करें-


उपाय-

  • किसी भी दिन शुभ मुहूर्त में अथवा पूर्णिमा के दिन सुबह जल्दी उठ कर स्नान आदि से निवृत्त हो जाएं।
  • इसके बाद लाल रंग का एक रेशमी कपड़ा लेकर उसमें पीले चावल के 21 अखंडित (यानि कोई भी दाना टूटा-फूटा न हो) दाने रखें।
  • चावल को पीला करने के लिए हल्दी या केसर का प्रयोग करें।
  • अब इन दानों को कपड़े में बांध कर मां लक्ष्मीजी के लिए विधिपूर्वक चौकी बनाएं और उस पर रख दें।
  • इसके बाद लक्ष्मीजी की पूजा करें।
  • पूजा के बाद लाल कपड़े में बंधे चावल अपने पर्स में छिपाकर रख लें।
  • ऐसा करने पर महालक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है और धन संबंधी मामलों में चल रही रुकावटें दूर हो जाती हैं।