उत्तरी असम के विश्वनाथ जिले में जंगली भैंस ने एक व्यक्ति को मार डाला, जिसके बाद गुस्साई भीड़ ने वन विभाग कार्यालय में आग लगा दी। पुलिस के अनुसार विश्वनाथ जिले के मुट्टाकगांव में एक जंगली भैंस ने एक ग्रामीण जयंत दास पर हमला किया। गंभीर रूप से घायल दास को वन अधिकारियों ने अस्पताल पहुंचाया, जिसके बाद उन्होंने दम तोड़ दिया।

इस घटना के बाद महिलाओं सहित सैकड़ों स्थानीय लोग हिंसक हो गए। लोगों ने इस घटना के लिए पूरी तरह से वन अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया। भीड़ ने वन अधिकारियों पर आस-पास के जंगलों से वन्यजीवों को मानव बस्तियों और गांवों में प्रवेश करने से रोकने के लिए पर्याप्त कदम नहीं उठाने का आरोप लगाया और गुस्साए ग्रामीणों ने विश्वनाथ वन्यजीव प्रभाग के सेंट्रल रेंज के कार्यालय में आग लगा दी।

एक व्यक्ति ने बताया कि काजीरंगा नेशनल पार्क से लगे इस क्षेत्र में कभी-कभी कई जंगली जानवर बाहर आ जाते हैं। पिछले साल इसी क्षेत्र में एक राइनो (एक सींग वाला गैंडा) ने एक व्यक्ति को मार डाला था। वहीं, इस घटना को अपनी आंखों से देखने वाले प्रशांत शर्मा ने कहा, जंगली भैंस विश्वनाथ घाट पर आई और ग्रामीणों पर हमला करने की कोशिश की। हमने तुरंत वन अधिकारियों को सूचना दी, लेकिन वे भैंस द्वारा दास पर हमला करने और उसे मारने के बाद मौके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने पीड़ित परिवार को 50 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की है. गुस्साई भीड़ को शांत करने में पुलिस और वन अधिकारियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।