नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती के मौके पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज बंगाल का दौरा करने वाले हैं। राज्य में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले प्रधानमंत्री मोदी का यह दौरा बेहद अहम माना जा रहा है। हालांकि बंगाल जाने से पहले पीएम मोदी असम भी जाएंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को सुबह 11 बजे असम में भूमि पट्टा/आवंटन प्रमाणपत्र वितरण कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। इसके बाद पीएम मोदी बंगाल का रुख करेंगे। पीएम साढ़े तीन बजे कोलकाता में नेताजी भवन का दौरा करेंगे। प्रधानमंत्री मोदी 3.45 बजे नेशनल लाइब्रेरी में कलाकारों से मुलाकात करेंगे।

इसके प्रधानमंत्री मोदी शाम 4.30 बजे नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती के अवसर पर कोलकाता के विक्टोरिया मेमोरियल में पराक्रम दिवस कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। प्रधानमंत्री इस अवसर पर भाषण भी देंगे। पीएम मोदी ने इस संबंध में शुक्रवार को कई ट्वीट किए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आज का दौरा बेहद व्यस्त रहने वाला है। बंगाल जाने से पहले वह असम भी जाएंगे, जहां वह शिवसागर में एक लाख से अधिक भूमि आवंटन प्रमाणपत्र वितरित करेंगे।

असम के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद प्रधानमंत्री मोदी कोलकाता जाएंगे जहां वह विक्टोरिया मेमोरियल में 'पराक्रम दिवस' के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता करेंगे। भारत सरकार ने पिछले दिनों हर साल 23 जनवरी को नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती को 'पराक्रम दिवस' के रूप में मनाने का फैसला किया है, ताकि देश के लोगों, विशेषकर युवाओं को देशभक्ति के लिए प्रेरित किया जा सके। इस अवसर पर एक स्थायी प्रदर्शनी और नेताजी पर एक प्रोजेक्शन मैपिंग शो का भी उद्घाटन किया जाएगा। यही नहीं प्रधानमंत्री मोदी की ओर से एक स्मारक सिक्का और डाक टिकट भी जारी किया जाएगा। नेताजी की थीम पर आधारित एक सांस्कृतिक कार्यक्रम 'अमरा नूतन जूबोनेरी दूत' भी आयोजित किया जाएगा।

इस आयोजन में शामिल होने से पहले प्रधानमंत्री मोदी कोलकाता की नेशनल लाइब्रेरी का दौरा करेंगे, जहां एक अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन “रि-विजटिंग द लेगेसी ऑफ नेताजी सुभाष” और एक कलाकार शिविर का आयोजन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री वहां मौजूद कलाकारों और सम्मेलन के प्रतिभागियों के साथ बातचीत भी करेंगे। कोलकाता जाने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी असम जाएंगे। असम में विधानसभा चुनाव को देखते हुए पीएम का यह दौरा बेहद अहम माना जा रहा है। वह शिवसागर जिले स्थित जेरेंगा पठार में 1.06 लाख भूमि पट्टा/आवंटन प्रमाण पत्र वितरित करेंगे। राज्य में होने वाले चुनाव से पहले पीएम मोदी आदिवासी समुदाय को जमीनों का पट्टा देकर एक बड़ा राजनीतिक संदेश देने की कोशिश में हैं।

असम की राजनीति में आदिवासी समुदाय की अहम भूमिका है। स्थानीय लोगों के भूमि अधिकारों की रक्षा के लिए तत्काल कार्रवाई की जरूरत को ध्यान में रखते हुए असम की बीजेपी सरकार ने नई भूमि नीति तैयार की, जिसके तहत सरकार भूमिहीन लोगों को जमीन पर पट्टा/आवंटन प्रमाणपत्र देने का काम कर रही है। असम में साल 2016 में 5.75 लाख भूमिहीन परिवार थे, लेकिन वर्तमान बीजेपी सरकार ने मई 2016 से 2.28 लाख आवंटन प्रमाण पत्र वितरित किए हैं और अब अगली कड़ी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 1.06 लाख लोगों को जमीनी पट्टा/आवंटन देने के अभियान की शुरुआत करेंगे।