बैसा प्रखंड के अंतर्गत कटहलबाड़ी आदिवासी टोला में आदिवासी सामाजिक कार्यकर्ता ने आसाम के मुख्यमंत्री सर्वानंद सोनेवाल का पुतला दहन किया गया। जिलाध्यक्ष लाल हासदा के नेतृत्व में आयोजित इस पुतला दहन कार्यक्रम में उपस्थित आदिवासी सेंगेल अभियान के लोगों ने कहा कि सरना धर्म कोड 2021 की जनगणना में केंद्र सरकार से लागू कराने के लिए एक दिवसीय सांकेतिक धरना प्रदर्शन बिहार, बंगाल, असम, उड़ीसा, झारखंड में शांति पूर्ण सफल हुआ। 

मगर असम के कोकड़ाझाड़, चिरांग और बक्सा जिलों में असम भाजपा सरकार ने पुलिस प्रशासन की बर्बरतापूर्ण कार्रवाई करते हुए सैकड़ों स्त्री-पुरुष पर लाठी डंडा चलाया। इसकी हम घोर निंदा करते हैं। यह हमारी धार्मिक आजादी पर यह हमला है। धार्मिक मौलिक अधिकार अनुच्छेद 25 के ऊपर असम सरकार ने पक्षपात का रवैया अपनाया है। 

20 नेताओं को 29 तथा 30 जनवरी 2021 को गिरफ्तार कर लिया। 35 पुरूष और 10 महिला को पीट-पीटकर घायल किया। आठ लोगों को हॉस्पिटल में भर्ती करना पड़ा। इसके विरोध में पांच प्रदेशों में आदिवासियों द्वारा मुख्यमंत्री का पुतला दहन किया जा रहा है। इस मौके पर जुलियास मुर्मू, चिकू सोरेन, बुधू मुर्मू, बीबीसन बास्की, बहादुर सोरेन, पाली हांसदा आदि मौजूद थे।