एनईईटी पास करके एम्स में सीट हासिल करने वाले असम के एक चाय विक्रेता (चायवाला) लड़के का चयन आश्चर्यजनक घटनाक्रम के रूप में खूब चर्चित हो रहा है। लेकिन ये मामला फर्जी निकला। लेकिन खबर सामने आने के दो दिन बाद ही पता चला कि राहुल का एडमिट कार्ड फोटोशॉप किया गया था।  उसके एडमिट कार्ड में रोल नंबर और जन्मतिथि के बीच काफी अंतर देखने को मिला है।

यह बताया गया कि असम के बजली जिले के पटाचरकुची के एक चाय विक्रेता के बेटे राहुल दास ने एनईईटी पास किया और एम्स में एमबीबीएस की पढ़ाई करने का मौका मिला है ।

रोल नंबर - 2303001114, जो राहुल के एडमिट कार्ड में था, वह हरियाणा की किरणजीत कौर नाम की लड़की के नाम पर जारी हुआ है, जिसकी AIR 11656 रैंक  थी। परिणाम घोषित होने के बाद असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने तो घोषणा भी कर दी थी कि राज्य सरकार उनके शैक्षिक खर्चों को  वहन करेगी। असम के मंत्री रंजीत कुमार दास ने भी पटाचरकुची में राहुल का अभिनंदन भी किया था ।

पटाचरकुची के एक स्थानीय निवासी दर्पण ओलेमन ने कहा, “हम उन्हें लंबे समय से जानते हैं, वह अपनी दुनिया में रहते हैं। हम उससे संपर्क करना चाहते थे, लेकिन उसने हमारे कॉल का जवाब नहीं दिया। इसलिए, हमने उसकी मार्कशीट की जांच करने का फैसला किया और तभी हमें उस पर शक हुआ। हमने उसका एडमिट कार्ड चेक किया, और यह जानकर हैरान रह गए कि एडमिट कार्ड फोटोशॉप में एडिट किया गया था।

उन्होंने कहा: "जब हमने आधिकारिक वेबसाइट में उसका रोल नंबर सर्च किया तो वह हरियाणा की किरणजीत कौर नाम की एक लड़की का परिणाम प्रदर्शित हुआ।"

एक अन्य स्थानीय निवासी पंकज सरमा ने कहा, “यह पूरे असम के लिए शर्मनाक बात  है। उसने असम के लोगों और मीडिया को गुमराह क्यों किया है। 

सरमा ने यह भी कहा, "हां, वह एक मेधावी छात्र है जो बहुत गरीब परिवार से ताल्लुक रखता है। जब हमने शिक्षा मंत्रालय पर उनका आवेदन संख्या और जन्म तिथि डालकर उनके डेटा को खोजने की कोशिश की तो एनटीए पर यह परिणाम सामने आया। 

invalid application number/date of birth on the official website – ( https://ntaresults.nic.in/resultservices/NEET-2021-auth).” 

उन्होंने कहा, हम अधिकारियों से इस पुरे मामले की जांच करने की अपील करते हैं।"