असम के औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (ITI) के छात्रों ने परीक्षा आयोजित करने में देरी के विरोध में डिब्रूगढ़ में भूख हड़ताल शुरु कर दी है। ITI के छात्रों ने ऑल असम स्टूडेंट्स यूनियन (AASU) के डिब्रूगढ़ कार्यालय के पास 12 घंटे की भूख हड़ताल की है। ​​हड़ताल करने वाले छात्र स्टेट काउंसिल फॉर वोकेशनल ट्रेनिंग के तहत आईटीआई के 2019-20 के अंतिम वर्ष के बैच के थे।


बता दें कि कोविड-19 महामारी के कारण ITI के अंतिम वर्ष की परीक्षाएं स्थगित कर दी गईं हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों ने आरोप लगाया कि परीक्षाओं में देरी के कारण उन्हें विभिन्न भर्ती परीक्षाओं के लिए आवेदन करने के अवसर से वंचित किया गया है। अधिकांश छात्र विभिन्न ट्रेडों में आईटीआई पाठ्यक्रम कर रहे हैं।

आईटीआई के छात्र सौरव गोगोई ने कहा कि “पिछले साल कोरोना के कारण हमारी परीक्षा रद्द कर दी गई थी। इसकी वजह से हमने एक कीमती साल गंवा दिया। इस बीच, हमने नौकरी के कई अवसर खो दिए क्योंकि हम आवेदन नहीं कर सकते। 24 अगस्त को, ऑयल इंडिया लिमिटेड (OIL) ने 535 तकनीकी पदों को भरने के लिए एक विज्ञापन प्रकाशित किया। लेकिन हम उनके लिए भी आवेदन नहीं कर सकते ”।

छात्रों ने असम के कौशल विकास मंत्री चंद्र मोहन पटोवरी को एक ज्ञापन भी सौंपा, जिसमें उनसे 15 दिनों के भीतर लंबित परीक्षा आयोजित करने के लिए कदम उठाने का आग्रह किया गया है। उन्होंने यह भी मांग की कि परीक्षा के 3 महीने के भीतर परिणाम घोषित किए जाएं। छात्रों ने मंत्री से यह भी सुनिश्चित करने की अपील की कि 2019-20 के अंतिम वर्ष के बैच के छात्र ऑयल इंडिया लिमिटेड की नवीनतम रिक्तियों के लिए आवेदन कर सकें।