असम में काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान (केएनपी) के हिस्से ब्रह्मपुत्र नदी और उसकी सहायक नदियों के बढ़ते पानी से जलमग्न हो गए हैं। राष्ट्रीय उद्यान के जंगली जानवरों को राष्ट्रीय राजमार्ग 37 को पार करते हुए ऊंचे मैदानों की ओर जाते देखा गया। तेज रफ्तार वाहनों की चपेट में आने वाले जानवरों के जोखिम को कम करने के लिए, नागांव जिले में कलियाबोर उप-मंडल प्रशासन ने वाहनों की आवाजाही में गति सीमा लगा दी है।


प्रशासन ने अमगुरी से बागोरी तक के क्षेत्र में सीआरपीसी की धारा 144 (1) के तहत निषेधाज्ञा जारी की, जिसमें इसके बीच से गुजरने वाला हाईवे भी शामिल है। असम के काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान के कुछ हिस्से जलमग्न 1 निषेधाज्ञा के अनुसार, वाहनों की गति 40 किमी प्रति घंटे से अधिक नहीं होनी चाहिए और पांच या अधिक व्यक्तियों का जमावड़ा नहीं होना चाहिए।


आदेश में कहा गया है कि ढाबों या रेस्तरां के सामने भारी वाहन खड़ा करना और रात में हल्के मोटर वाहनों को बिना किसी वैध कारण के रोकना या जोर से हॉर्न बजाना प्रतिबंधित है। पुलिस, सुरक्षा बलों, वन अधिकारियों और कोरोना ड्यूटी कर्मियों सहित आपातकालीन सेवाओं को आदेश के दायरे से छूट दी गई है।