मुबंई पुलिस ने जब से मीडिया की पोल खोली है तब से मीडिया पर सरकार का निशाना बढ़ता रहा है। इस टीआरपी रैकेट में कई बड़े टीवी चैनलों का नाम आया है और इन पर कार्यवाही की जा रही है। वैसे तो इन टीवी चैनलों के मालिकों पुलिस हिरासत में ले चुकी है लेकिन भी इस रैकेट के बारे में जांच जारी है। इसी तरह से आईबी मंत्रालय ने भी एक आदेश जारी किया है जो निजी टीवी चैनलों के बारे में हैं।


सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने सभी निजी उपग्रह टेलीविजन चैनलों को प्रोग्राम कोड का पालन करने के लिए कहा है। इनके द्वारा जारी एक एडवाइजरी में आईबी मंत्रालय ने इस बात पर जोर दिया कि किसी भी कार्यक्रम की आलोचना, दुर्भावना या किसी व्यक्ति या कुछ समूहों की निंदा नहीं करनी चाहिए। सभी निजी उपग्रह टीवी चैनलों से अनुरोध है कि वे उपरोक्त निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करें।


जानकारी दे दें कि दिल्ली हाईकोर्ट में अभिनेता रकुल प्रीत सिंह की याचिका के मद्देनजर ये आदेश जारी किया गया है। अभिनेता रकुल प्रीत ने सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में ड्रग्स की जांच के संबंध में उनके खिलाफ चलाए जा रहे मानहानि के कार्यक्रमों का आरोप लगाया गया था। जानकारी के लिए बता दें कि उच्च न्यायालय ने सितंबर 2013 के आदेश में कहा था कि मीडिया हाउस और टेलीविज़न चैनल याचिकाकर्ता के संबंध में कोई भी रिपोर्ट बनाते समय प्रोग्राम कोड के प्रावधानों और इसकी  साथ ही वैधानिक और आत्म-विनियामक दोनों के रूप में रिपोर्टिंग और पालन में संयम दिखाएंगे।