गुवाहाटी उच्च न्यायालय ने 2020-21 के लिए अपनी ‘मीडिया फेलोशिप’ से ऑनलाइन मीडिया को बाहर रखे जाने को लेकर असम सरकार को एक नोटिस जारी किया और कहा कि उम्मीदवारों का चयन अगले आदेशों के अधीन होगा। 

वरिष्ठ पत्रकार अनिर्बान रॉय की रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति सुमन श्याम ने बुधवार को नोटिस जारी किया, जिसका जवाब राज्य सरकार को 16 नवम्बर तक देना है। याचिकाकर्ता ने अदालत से आग्रह किया कि ऑनलाइन मीडिया हाउस के पत्रकारों को अंतरिम राहत के तौर पर फेलोशिप के लिए अस्थायी रूप से आवेदन करने की अनुमति दी जाए। 

फेलोशिप के लिये आवेदन करने की अंतिम तिथि अंतरिम राहत के रूप में 27 अक्टूबर तय की गई है। अदालत ने कहा कि वह इस समय यह अनुमति नहीं देगी। हालांकि, यह स्पष्ट कर दिया गया है कि फेलोशिप प्रदान करने के लिए उम्मीदवार का चयन अगले आदेशों के अधीन होगा जो इस रिट याचिका पर पारित हो सकते हैं। 

सूचना और जनसंपर्क विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि सरकार ने इस बार कम आवेदनों को देखते हुए समय सीमा को बढ़ाकर तीन नवंबर कर दिया है। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सचिव एन जी सोनोवाल ने 18 सितम्बर को एक शुद्धिपत्र जारी करते हुए ‘मीडिया फेलोशिप’ की पात्रता मानदंड से ‘ऑनलाइन मीडिया’ को बाहर कर दिया था, क्योंकि उक्त प्रारूप मौजूदा विज्ञापन नीति का हिस्सा नहीं है।