पूर्वोत्तर राज्य असम में हिमंता बिस्वा सरकार ने उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू (Venkaiah Naidu) को राष्ट्रीय एकता और राष्ट्रीय योगदान के लिए लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई पुरस्कार (Lokapriya Gopinath Bordoloi Award) से सम्मानित करने का निर्णय लिया है। असम मंत्रिमंडल द्वारा तय किया गया कि असम की प्रस्तावित यात्रा के दौरान नायडू को यह पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।


यह पुरस्कार वर्षों से अनियमित हो गया और मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा (Himanta Biswa Sarma) की अध्यक्षता में असम मंत्रिमंडल की बैठक में पुरस्कार को द्विवार्षिक बनाने का संकल्प लिया गया है। इसके अलावा, असम कैबिनेट ने विभिन्न क्षेत्रों में दिए जाने वाले राज्य के सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों के नाम बदलने का फैसला किया है।

यह बताया गया है कि असम रत्न पुरस्कार को असम बैभव (Asom Baibhav), असम विभूषण (Assam Vibhushan) को असम सौरव (Asom Saurav) और असम भूषण (Assam Bhusan) और असम श्री पुरस्कार को असम गौरव के रूप में जाना जाएगा।

जानकारी के लिए बता दें कि इस पुरस्कार का नाम एक महान स्वतंत्रता सेनानी और भारत की स्वतंत्रता के बाद असम के पहले मुख्यमंत्री लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई (Lokapriya Gopinath Bordoloi Award) के नाम पर रखा गया है। द्विवार्षिक पुरस्कार की पुरस्कार राशि कथित तौर पर दो लाख रुपये से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है। पुरस्कार में एक प्रशस्ति पत्र भी दिया जाता है।
लोकप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई को आधुनिक असम का वास्तुकार (Architect) कहा जाता है। समाज में उनके योगदान के लिए उन्हें 1999 में भारत रत्न (Bharat Ratna) से सम्मानित किया गया था।