राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने नरेंद्र मोदी कैबिनेट के मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा कर दिया है। असम के पूर्व मुख्यमंत्री सर्बानंद सोनोवाल को आयुष मंत्रालय दिया गया है। इसके साथ ही उन्हें बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय भी मिला है। वहीं, जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष आरसीपी सिंह को इस्पात मंत्रालय की जिम्मेदारी दी गई है। राज्यसभा सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया को नागरिक उड्डयन मंत्रालय दिया गया है। पहले चर्चाएं चल रही थीं कि सिंधिया को रेल या मानव संसाधन विकास मंत्रालय मिल सकता है।

इससे पहले बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी कैबिनेट में बड़े पैमाने पर फेरबदल किया। दिन भर मंत्रियों के इस्तीफे का दौर चला। प्रकाश जावडेकर, हर्षवर्धन, रविशंकर प्रसाद, रतनलाल कटारिया जैसे कई बड़े नामों की मंत्रिमंडल से छुट्टी हो गई। इसके बाद शाम को राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में 43 नए मंत्रियों को शपथ दिलाई गई।

बुधवार देर शाम राष्ट्रपति ने प्रधानमंत्री की सलाह से मंत्रियों के विभागों का बंटवारा किया। हरदीप पुरी को पेट्रोलियम मंत्री बनाया गया है। वे शहरी विकास मंत्री भी बने रहेंगे। पुरुषोत्तम रुपाला को डेयरी और मत्स्य विकास मंत्रालय दिया गया है। पीयूष गोयल को कामर्स-उद्योग के अलावा कपड़ा मंत्रालय और फूड प्रोसेसिंग मंत्री का प्रभार भी मिला है। गिरिराज सिंह को ग्रामीण विकास मंत्रालय दिया गया है। आईआईटी कानपुर और व्हार्टन बिजनेस स्कूल से पढ़ाई करने वाले पूर्व आईएएस अधिकारी अश्विनी वैष्णव देश के नए रेल मंत्री बनाए गए हैं।

नए बने अन्य मंत्रियों में नारायण राणे को माइक्रो स्मॉल एंड मीडियम एंटरप्राइजेज मंत्रालय दिया गया है। देश के पोर्ट्स, शिपिंग और वॉटरवेज के साथ आयुष मंत्रालय की जिम्मेदारी सर्बानंद सोनोवाल को सौंपी गई है। रामचंद्र प्रसाद सिंह अब भारत के इस्पात मंत्री बनाए गए हैं जबकि मनसुख मांडवीय को स्वास्थ्य मंत्री बनाया गया है। भूपेंद्र यादव को श्रम मंत्री बनाया गया है। साथ ही उन्हें पर्यावरण मंत्रालय भी दिया गया है।