लेफ्टिनेंट जनरल राणा प्रताप कलिता थल सेना के पूर्वी सेना कमान (Eastern Army Command) के नये प्रमुख यानी जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ (GOC-in-C) के रूप में नियुक्त किया गया है। असम के रहने वाले लेफ्टिनेंट जनरल राणा प्रताप कलिता (Lieutenant General RP Kalita) लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे (Lt Gen Manoj Pande) की जगह नियुक्त किया गया है।

विशेष रूप से, राणा प्रताप कलिता (Rana Pratap Kalita) असम और पूर्वोत्तर से पहले हैं, जिन्हें सेना में इतने वरिष्ठ पद पर नियुक्त किया गया है। लेफ्टिनेंट जनरल पांडेय को थल सेना का उप प्रमुख नियुक्त किया गया है। लेफ्टिनेंट जनरल कलिता को ईस्टर्न आर्मी कमांड का प्रमुख बनाने के प्रस्ताव को केंद्र सरकार की मंजूरी मिल चुकी है।

असम पुलिस के डीजी भास्कर ज्योति महंत (DG Bhaskar Jyoti Mahanta) ने कहा कि “लेफ्टिनेंट जनरल राणा पी कलिता को फोर्ट विलियम्स, कोलकाता के पूर्वी कमान के जनरल ऑफिसर कमांडिंग इन चीफ के रूप में कार्यभार संभालने पर बधाई और शुभकामनाएं। किसी भी असमिया या उत्तर-पूर्वी के लिए पहली बार। हमें आपकी उपलब्धि पर गर्व है और आगे ऐसे कई मील के पत्थर की कामना करते हैं, ”।

केंद्रीय मंत्री और असम के पूर्व सीएम सर्बानंद सोनोवाल (Sarbananda Sonowal) ने कहा कि “हर असमिया के लिए गर्व का क्षण। फोर्ट विलियम्स, कोलकाता में पूर्वी कमान के GOC-in-C के रूप में कार्यभार संभालने पर लेफ्टिनेंट जनरल राणा प्रताप कलिता को बधाई और शुभकामनाएं, आपका आगे का कार्यकाल सफल हो ।"
लेफ्टिनेंट जनरल कलिता ने पूर्वी कमान के वर्तमान GOC-in-C लेफ्टिनेंट जनरल मनोज पांडे का कार्यभार संभाला क्योंकि बाद में उन्हें लेफ्टिनेंट जनरल सीपी मोहंती के 31 जनवरी को सेवानिवृत्त होने पर अगले थल सेनाध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया है।

GOC-in-C राणा प्रताप कलिता-
-लेफ्टिनेंट जनरल राणा प्रताप कलिता असम के रंगिया शहर के रहने वाले हैं।

-वह सैनिक स्कूल गोलपारा, असम के पूर्व छात्र हैं।

-वह प्रतिष्ठित भारतीय सैन्य अकादमी (IMA) के पूर्व छात्र थे।

-लेफ्टिनेंट जनरल राणा प्रताप कैता को 1984 में 9 कुमाऊं रेजीमेंट में कमीशन दिया गया था।

-सेना मुख्यालय में जनशक्ति योजना और कार्मिक सेवाओं के महानिदेशक के रूप में नियुक्त होने से पहले उन्होंने 3 कोर की कमान संभाली थी और पूर्वी कमान के चीफ ऑफ स्टाफ भी थे।

-लेफ्टिनेंट जनरल कलिता उत्तम युद्ध सेवा मेडल (यूवाईएसएम), अति विशिष्ट सेवा मेडल (एवीएसएम), सेना मेडल (एसएम) और विशिष्ट सेना मेडल (वीएसएम) के प्राप्तकर्ता हैं।