सीपीएम (CPM) असम में 30 अक्तूबर को होने वाले विधानसभा उपचुनाव (assembly by-election) में चार सीटों पर कांग्रेस (Congress) उम्मीदवार जबकि एक सीट पर सीपीआई (CPI) उम्मीदवार का समर्थन करेगी। वामदल थौरा में सीपीआई (CPI) उम्मीदवार को समर्थन देगी जबकि मरियानी, भवानीपुर, तामुलपर और गोसाईगांव में कांग्रेस उम्मीदवार का समर्थन करेगी। उपचुनाव के लिए वोटों की गिनती 2 नवंबर को होगी।

माकपा ने कहा है कि भाजपा के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार ने पिछले विधानसभा चुनावों के बाद असम (Assam) के लोगों के साथ विश्वासघात किया है। सरकार ने महंगाई और बेरोजगारी जैसी समस्याओं का सामना कर रहे लोगों की मदद करने के लिए प्रयास नहीं किया है। 

पार्टी ने लोगों से सत्तारूढ़ भाजपा (BJP) और उसके सहयोगियों असम गण परिषद (AGP) और यूनाइटेड पीपुल्स पार्टी लिबरल (UPPL) के पक्ष में मतदान नहीं करने का भी आग्रह किया। माकपा इस साल की शुरुआत में हुए पिछले विधानसभा चुनावों में कांग्रेस के नेतृत्व वाले महागठबंधन का हिस्सा थी।

गोसाईगांव और तामुलपुर के लिए उपचुनाव मौजूदा विधायकों की मृत्यु के कारण हो रहा है, जबकि भवानीपुर, मरियानी और थौरा के विधायकों ने अपनी सीटों से इस्तीफा दे दिया और सत्तारूढ़ भाजपा में शामिल हो गए। मार्च-अप्रैल में हुए विधानसभा चुनाव में थौरा और मरियानी सीटें कांग्रेस ने जीती थीं, जबकि यूपीपीएल ने गोसाईगांव सीट जीती थी। बीपीएफ और एआईयूडीएफ उम्मीदवार तामुलपुर और भवानीपुर में विजयी हुए थे।

2001 से 15 साल तक सत्ता में रही कांग्रेस ने एआईयूडीएफ, बीपीएफ, सीपीएम, सीपीआई, सीपीआई (एमएल), आंचलिक गण मोर्चा, राजद, आदिवासी नेशनल पार्टी और जिमोचयान (देवरी) पीपुल्स पार्टी (जेपीपी) के साथ विधानसभा चुनाव में भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए के खिलाफ महागठबंधन बनाया था।