कांग्रेस ने असम में ब्रह्मपुत्र नदी पर दो पुलों के निर्माण के लिए किए गए केंद्र की भाजपा सरकार के कथित झूठे वादों को लेकर प्रदर्शन किया। केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने चार साल पहले इन पुलों की आधारशिला रखी थी। 

असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) के अध्यक्ष रिपुन बोरा ने यह भी कहा कि दो सरकारी पेपर मिलों के पुनरुद्धार की मांग तेज करने के लिए पार्टी सात अक्टूबर को इसी तरह का विरोध प्रदर्शन करेगी। ये मिल 2016 से बंद पड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि शनिवार को लखीमपुर जिले के ढाकुआखाना में विरोध प्रदर्शन आयोजित किया गया और हमारी मांग है कि ब्रह्मपुत्र नदी पर दोनों पुलों का निर्माण कार्य तत्काल शुरू हो। असम में ब्रह्मपुत्र पर बनाए जाने वाले दो नए पुल नदी के उत्तर और दक्षिण तट को जोड़ेंगे। एक पुल शिवसागर-देशंगमुख-टेकलीफुटा-ढाकुआखाना को जोड़ेगा, तो दूसरा पुल उत्तरी लखीमपुर-माजुली और जोरहाट को जोड़ेगा। बोरा ने कहा, ‘केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी द्वारा पुलों के लिए आधारशिला रखे जाने के चार साल से भी अधिक समय हो गये हैं, लेकिन अभी तक कोई काम शुरू नहीं हुआ है। यह कुछ और नहीं बल्कि नरेंद्र मोदी सरकार का एक झूठा वादा है।’एपीसीसी अध्यक्ष ने कहा कि बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं ने इस मुद्दे को उजागर करने के लिए ढाकुआखाना में विरोध प्रदर्शन किया और पुलों का निर्माण कार्य तुरंत शुरू करने की मांग की।