असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा कोकराझार जिले के अभियाकुठी गांव में दो नाबालिग लड़कियों के घर गए, जो रहस्यमय परिस्थितियों में एक पेड़ से लटकी मिली थीं। बोडोलैंड प्रादेशिक क्षेत्र (BTR) के मुख्य कार्यकारी सदस्य प्रमोद बोरो के साथ मुख्यमंत्री ने परिवार का दौरा किया और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बीटीआर आईजीपी और कोकराझार एसपी को यह पता लगाने का निर्देश दिया कि यह हत्या है या आत्महत्या के पीछे का कारण पता करें।


मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरी घटना एक साजिश का संकेत देती है। उन्होंने कहा कि प्रथम दृष्टया सबूत बताते हैं कि लड़कियों की या तो हत्या कर दी गई या दबाव में आत्महत्या करने के लिए मजबूर किया गया। इस बीच, पुलिस ने पूछताछ के लिए पांच लोगों को हिरासत में लिया है। उनमें से दो लड़कियों से बात करते थे और अपने फोन से मैसेज डिलीट कर देते थे। सारा मामला साजिश की ओर जा रहा है।
क्या है मामला


14 साल की रुबिता राभा और 15 साल की सोमैना राभा 11 जून की शाम को पास के जंगल में एक पहाड़ी के ऊपर एक पेड़ से लटकी मिलीं। परिजनों ने बताया कि पूरा परिवार धान के खेत में फसल काटने गया था और शाम करीब चार बजे लौटा। बच्चियां जब घर नहीं लौटीं तो उन्होंने इलाके की तलाशी शुरू की और बाद में कुछ ग्रामीणों ने उन्हें जंगल में एक पेड़ से लटका पाया. मुख्यमंत्री ने गोसाईगांव के विधायक मजेंद्र नारजारी के घर का भी दौरा किया, जिनकी 26 मई को कोविड की जटिलता के बाद मृत्यु हो गई थी।