असम के प्रख्यात उद्यमी और चाय बागान मालिक महादेव जालान नहीं रहे। जालान का शुक्रवार सुबह करीब 4:55 बजे असम के डिब्रूगढ़ के एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। उनके निधन के समय जालान 86 वर्ष के थे। उन्होंने अपना पूरा जीवन चाय बागान और असम में चाय जनजाति समुदाय के कल्याण के लिए समर्पित कर दिया था।


उन्होंने सरकार, श्रमिकों और चाय बागान प्रबंधन के बीच की खाई को पाटने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। जालान एक परोपकारी व्यक्ति भी थे और उन्होंने डिब्रूगढ़ में प्रतिष्ठित स्थानों जैसे जगन्नाथ मंदिर, एएमसीएच, इनडोर और आउटडोर खेल स्टेडियम, मुरलीधोर जालान बस स्टैंड, विभिन्न नामघरों के लिए भूमि दान की थी।


महादेव जालान का राजनेताओं द्वारा बहुत सम्मान किया जाता था, जो अक्सर उनसे सलाह और सुझाव मांगते थे। महादेव जालान का जन्म 24 नवंबर 1935 को असम के तिनसुकिया जिले में हुआ था। उन्होंने अपना अधिकांश जीवन डिब्रूगढ़ और फिर कोलकाता में बिताया था।