राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने असम में माओवादियों के साथ कथित संबंधों के आरोप में सम्राट चक्रवर्ती नामक व्यक्ति को पश्चिम बंगाल के कल्याणी एक्सप्रेसवे से गिरफ्तार किया है। एनआईए के गुवाहाटी कार्यालय के सूत्रों ने बताया कि सम्राट को असम में दर्ज एक मामले के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया।

ये भी पढ़ेंः तिनसुकिया जिले में 5000 से अधिक अवैध रैट होल खदानें, चलता है कोयला माफिया का राज


माओवादी नेता सम्राट चक्रवर्ती को दक्षिण असम के कछार जिला में भाकपा (माओवादी) के एक मामले में कथित संलिप्तता के आरोप में पश्चिम बंगाल के महिषपाता से गिरफ्तार किया गया है। केंद्रीय जांच एजेंसी की गुवाहाटी शाखा के सूत्रों ने बताया है कि सम्राट चक्रवर्ती एक कट्टर माओवादी नेता है। अरुण भट्टाचार्य को असम सहित पूरे पूर्वोत्तर में संगठन की जड़ें फैलाने का काम सौंपा गया था।

ये भी पढ़ेंः सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने बाढ़ प्रभावित परिवारों को मुआवजा दिया


एनआईए ने दो सितंबर को छह लोगों के खिलाफ आरोपपत्र दायर कर अरुण भट्टाचार्य को गिरफ्तार किया था। बाद में जांच में सम्राट चक्रवर्ती का नाम सामने आया। सम्राट चक्रवर्ती पश्चिम बंगाल स्थित भाकपा (माओवादी) के सक्रिय सदस्य और नेता है। वह संगठन के शीर्ष नेता एवं असम में रहने वाले अरुण भट्टाचार्य के बीच गुप्त संचार के लिंकमैन के रूप में कार्य करता था।

उल्लेखनीय है कि एनआईए ने सात मार्च को भाकपा (माओवादी) की केंद्रीय समिति के सक्रिय सदस्य अरुण कुमार भट्टाचार्य उर्फ कंचन दा उर्फ ज्योतिष उर्फ कबीर उर्फ कनक और कलान से आकाश ओरंग को कछार जिला के उधरबंद पुलिस थाने के अंतर्गत जॉयपुर इलाके के पातिछेड़ा चाय बागान से गिरफ्तार किया था। भाकपा (माओवादी) की केंद्रीय समिति के सक्रिय सदस्य 70 वर्षीय अरुण कुमार भट्टाचार्य कट्टरपंथी संगठन की असम राज्य संगठनात्मक समिति के सदस्य थे। उस पर 3 लाख रुपये का इनाम घोषित किया गया था।