असम में मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस ने मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा पर पलटवार किया है। कांग्रेस ने कहा कि मुख्यमंत्री ने अपने बयान से राज्य की छवि खराब की है। दरअसल मुख्यमंत्री सरमा विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के लिए चुनाव प्रचार करने के लिए कल उत्तराखंड में थे। रैली के दौरान उन्होंने सर्जिकल स्ट्राइक के सबूत मांगने के लिए गांधी पर निशाना साधा था। उन्होंने कहा था कि क्या हमने आपसे कभी पूछा है कि क्या आप वाकई राजीव गांधी के बेटे हैं या नहीं? कांग्रेस की असम इकाई ने इस बयान का पुरजोर विरोध किया है।

असम कांग्रेस अध्यक्ष भूपेन कुमार बोरा ने कहा कि असमिया लोग पूरी दुनिया में अपने अच्छे व्यवहार के लिए जाने जाते हैं। राज्य दुनिया भर में आध्यात्मिकता के केंद्र के रूप में लोकप्रिय है, लेकिन मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा की कांग्रेस नेता राहुल गांधी के पिता की पहचान पर सवाल उठाने वाली अपमानजनक टिप्पणी से सब कुछ धूल में मिल गया। उत्तराखंड में चुनावी रैली में इससे दुनिया की नजरों में असम के निवासियों की छवि कम हुई है।

बोरा ने कहा कि सीबीआई से चंगुल से बचने के लिए हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस छोड़ दी और भाजपा में शामिल हो गए। अब वह अपने परिवार द्वारा किए गए अवैध भूमि सौदों के लिए आरएसएस और भाजपा आलाकमान द्वारा निशाना बनाए जाने से बचने के लिए असभ्य टिप्पणियों के साथ गांधी को निशाना बना रहे हैं। उन्होंने कटाक्ष किया कि कोयला दूध में डुबाकर भी अपना रंग नहीं बदलेगा। सरमा ने अपने बयानों से यह साबित कर दिया है कि ऐसे लोगों से उच्च आदर्शों और बेहतर सार्वजनिक भाषणों की उम्मीद करना संभव नहीं होगा।