मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा (CM Himanta Biswa Sarma) की अध्यक्षता में कैबिनेट के फैसले का खुलासा सीएम ने बैठक के बाद एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए घोषणा की है कि वर्तमान में, माध्यमिक शिक्षा बोर्ड असम (SEBA) और असम उच्चतर माध्यमिक शिक्षा परिषद (AHSEC) अलग-अलग कार्य कर रहे हैं। साथ ही इन्होंने कई घोषणाएं की हैं-

  1. नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) को पूरी तरह से लागू करने के लिए असम में दो शिक्षा बोर्डों का विलय करने का निर्णय लिया गया है।
  2. असम मंत्रिमंडल ने राज्य में 5+3+3+4 प्रणाली को लागू करने का निर्णय लिया है।
  3. असम माध्यमिक शिक्षा अधिनियम, 1961 (असम अधिनियम, 1961 का XXV) असम में माध्यमिक शिक्षा को विनियमित, पर्यवेक्षण और विकसित करने के लिए माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की स्थापना के लिए पारित किया गया था। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, असम, जिसे SEBA के नाम से जाना जाता है, 14 मार्च, 1962 को अस्तित्व में आया।
  4. असम उच्च माध्यमिक शिक्षा परिषद (AHSEC), राज्य शिक्षा विभाग के अधिकार क्षेत्र में एक राज्य शिक्षा नियामक बोर्ड, उच्च माध्यमिक शिक्षा (कक्षा XI और XII) की प्रणाली को विनियमित, पर्यवेक्षण और विकसित करने के लिए जिम्मेदार था।