बीजेपी ने शुक्रवार को अपने राज्य प्रभारियों को लेकर कई बड़े बदलाव किए हैं। पार्टी का मकसद अगले एक साल में होने वाले राज्य विधानसभा चुनावों पर फोकस करना है। बीजेपी के आईटी सेल चीफ अमित मालवीय अब बंगाल के मामलों में कैलाश विजयवर्गीय को सहयोग करेंगे। बीजेपी अगले साल होने वाले पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को मात देने के इरादे से जुटी है।

भूपेंद्र यादव को एक बार फिर बिहार का प्रभार दिया गया है। हाल ही में संपन्न हुए बिहार विधानसभा चुनाव नीतीश कुमार और बीजेपी की अगुवाई वाला एनडीए गठबंधन विजयी बनकर उभरा है। बिहार के साथ भूपेंद्र यादव गुजरात का भी प्रभार संभालेंगे। गृह मंत्री अमित शाह के करीबी माने जाने वाले मुरलीधर राव को मध्य प्रदेश का प्रभार सौंपा गया है। मणिपुर और जम्मू-कश्मीर के प्रभारी रहे राम माधव के पास अब किसी भी राज्य का प्रभार नहीं है। बीजेपी प्रवक्ता संबित पात्रा को मणिपुर का प्रभार सौंपा गया है।

अमित शाह के करीबी माने वाले लोगों में अनिल जैन और सरोज पांडे को भी किसी राज्य का प्रभार नहीं दिया गया है। बैजयंत पांडा को असम का प्रभार दिया गया है, जहां अगले साल चुनाव होने हैं। राज्य में इस समय सर्वानंद सोनोवाल की अगुवाई में बीजेपी सत्ता में है। बीजेपी अध्यक्ष जेपी नड्डा के नई टीम गठित किए जाने के ऐलान के महीने भर बाद इन नियुक्तियों की घोषणा की है। नए प्रभारी पार्टी के राष्ट्रीय मामलों को देखेंगे।

सत्य कुमार, सुनील ओझा और संजीव चौरसिया उत्तर प्रदेश के प्रभारी राधा मोहन सिंह को सहयोग करेंगे। राधा मोहन सिंह के पास राजस्थान का भी प्रभार है। बीजेपी के पार्टी महासचिव सीटी रवि को महाराष्ट्र, गोवा और तमिलनाडु का प्रभार सौंपा गया है। पहले दिल्ली के उप-प्रभारी रहे तरूण चुग अब जम्मू और कश्मीर, लद्दाख और तेलंगाना का प्रभार संभालेंगे। पार्टी की नव-नियुक्त महासचिव डी. पुरंदेश्वरी अब ओड़िशा से जुड़े पार्टी के मामलों को देखेंगी। साथ ही उनके पास छत्तीसगढ़ का प्रभार भी होगा।

बीजेपी महासचिव दुष्यंत गौतम को पंजाब, चंडीगढ़ और उत्तराखंड का प्रभार सौंपा गया है। दिलीप सैकिया, झारखंड और अरुणाचल प्रदेश का प्रभार संभालेंगे। केंद्रीय मंत्री वी. मुरलीधरन आंध्र प्रदेश के प्रभारी होंगे, जबकि सुनील देवधर उप-प्रभारी के तौर पर उनका सहयोग करेंगे।