असम में बारिश आफत बनकर टूटी है और राज्य के 33 में से 30 जिले बाढ़ की चपेट में हैं। 54 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं जबकि बाढ़ और भूस्खलन से 117 से अधिक लोगों की मौत हुई है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को सीएम सर्बानंद सोनोवाल से फोन पर बात की और स्थिति का जायजा लिया। 

उन्होंने इस मुश्किल वक्त में असम सरकार को हर संभव मदद का आश्वासन दिया है। असम के जल संसाधन मंत्री केशव महंत ने बताया कि ज्यादातर नदियों के खतरे के निशान से ऊपर बहने की वजह से बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है। 

उन्होंने बताया, प्रधानमंत्री ने मुख्यमंत्री से बातचीत में हालात का जायजा लिया है और बाढ़, कोरोना और बागजान के तेल कुएं में आग से हुई त्रासदी से निपटने में हरसंभव मदद का भरोसा दिया। राज्य में फिलहाल 649 राहत शिविर खोले गए हैं, वहां साठ हजार से ज्यादा लोगों ने शरण ली है।

पीएम मोदी ने असम के अलावा बिहार, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्रियों से भी फोन पर बात की और कोरोना व बाढ़ के हालात का जायजा लिया। उन्होंने सभी को केंद्र की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।