पूर्णिया/ईटानगर। बंगाल से पकड़े गए शराब तस्कर मु. मुर्शीद (Liquor smuggler Mr. murshid) ने जो राज उगला है उसने मद्य निषेध विभाग की टीम के अलावा पूर्णिया पुलिस को भी सकते में डाल दिया है। बंगाल के शराब तस्कर मो. मुर्शीद को मद्य निषेध विभाग एवं पूर्णिया पुलिस की टीम ने शुक्रवार की रात फिल्मी अंदाज में गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की। पकड़ में आए शराब तस्कर मो. मुर्शीद ने शराब तस्करी को लेकर कई अहम खुलासे किए हैं। उसने बताया की पंजाब से शराब की जो खेप अरूणाचल प्रदेश (Arunachal Pradesh) के लिए भेजी जाती थी उसे वह पंजाब की भेजने वाली कंपनी के सहयोग से बंगाल में खाली कराकर उसे बिहार में खपाने का कार्य करता था। 

इस कार्य में उसे पचास फीसदी से ज्यादा का मुनाफा होता था। इसके अलावा मो. मुर्शीद ने इस बात को भी स्वीकार किया की दालकोला एवं उसके आसपास के इलाकों में उसके द्वारा एक दर्जन से अधिक ठिकानों पर कई ब्रांड की विदेशी शराब तैयार कर उसे बिहार के कई जिलों में भेजकर खपाया जाता था। पकड़ में आए तस्कर ने पुलिस को इस बात की भी जानकारी उपलब्ध कराई की उसके अलावा जिन लोगों द्वारा शराब की तस्करी की जा रही है उन्हें उसके द्वारा संरक्षण उपलब्ध कराया जाता था और उसके एवज में उनसे मोटी रकम की वसूली की जाती थी।

पकड़ में आए बंगाल के शराब तस्कर मो. मुर्शीद ने इस बात का खुलासा किया की पहले उसके द्वारा दालोकला भाया बायसी पूर्णिया के रास्ते शराब की खेप बिहार के कई जिलों में भेजी जाती थी। लेकिन पुलिस की सख्ती एवं बड़ी संख्या में शराब लदे वाहनों की खेप जब्त किए जाने के बाद हाल के महीनों में शराब की तस्करी के लिए इस रास्ते को छोड़कर दूसरा रास्ता चुना गया जो दालकोला से भाया वर्धमान होते हुए झारखंड एवं फिर झारखंड के रास्ते शराब की खेप आसानी से बिहार के जिलों में पहुंचाया जा रहा है। शराब तस्कर ने इस बात को भी कबूल किया की उसके द्वारा हर दिन सूबे के कई जिलों में बंगाल से शराब की खेप भेजी जाती थी।